राजस्व वसूली बढ़ाने के लिए एक्सईएन का लेंगे सहयोग
बिजलीनिगम प्रबंधन ने बिजली छीजत कम करने राजस्व वसूली के मामले पर सख्ती शुरु कर दी है, ताकि टारगेट पूरा कर सालाना घाटा कम किया जा सके। वहीं प्रबंधन ने छीजत कम करने बकाया वसूली में पिछड़े फेल रहे अभियंताओं के सहयोग के लिए डिवीजनों में अतिरिक्त अधिशाषी अभियंता लगाए हैं। ये एक्सईएन बड़े बकायादारों के घर जाकर वसूली करेंगे तथा सिस्टम में छीजत कम करने के लिए काम करेंगे।
बिजली छीजत कम करने राजस्व वसूली में पिछड़े डिविजनों में 31 मार्च तक दो एक्सईएन काम करेंगे। विद्युत निगम प्रबंधन ने विजिलेंस विंग दीनदयाल उपाध्याय ग्रामीण ज्योति योजना में लगे अभियंताओं को भरतपुर, अलवर, कोटा सहित अन्य सर्किलों के डिविजनों की भी जिम्मेदारी दी गई है। इसके तहत भरतपुर के डीग डिवीजन में एक्सईएन अजय शर्मा को लगाया गया है। ये एक्सईएन वहां तैनात एक्सईएन के साथ मिलकर काम करेंगे। ये एक्सईएन सर्किल के अधीक्षण अभियंता चीफ इंजीनियर को रिपोर्ट करेंगे। डिवीजन के एक्सईएन को प्रबंधन की ओर से लगाए संबंधित एक्सईएन को बकायादारों की सूची देनी होगी तथा रोजाना की प्रोग्रेस के बारे में भी बताना होगा। इस संबंधी में एसई पीके मित्तल ने बताया संबंधित एक्सईएन को राजस्व वसूली कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए गए हैं। उल्लेखनीय है कि बिजली वितरण निगम की ओर से घाटे से उबरने के लिए विशेष ध्यान दिया जा रहा है। पिछले कुछ माह के अंतराल में विभाग की ओर से कनेक्शन काटने के अलावा नोटिस देने तक की कार्रवाई की जा चुकी है। इसके अलावा अब विभाग के ही अधिकारियों को छीजत कम करने घाटे से उबारने के लिए काम कराया जाएगा। इससे एक अधिकारी एक ही काम पर फोकस कर सकेगा। क्योंकि डीग में सबसे ज्यादा छीजत होने के कारण पहला एक्सईएन इसी कार्य के लिए लगाया गया है। इससे काफी हद तक लाभ हो सकेगा।