गुड़ामालानी. सीएचसी में दस चिकित्सकों के पद है वहां मात्र एक चिकित्सक ही है। ऐसे में यहां सुबह-शाम इलाज के लिए आने वाले मरीजों की कतार लगी रहती है। रात में केवल कंपाउंडर के भरोसे अस्पताल संचालित हो रहा है। डेडावास से लगते पीएचसी के चिकित्सक रामाराम ने बताया कि स्वाइन फ्लू को लेकर हालात नियंत्रण में है।
दवा की सप्लाई भी पर्याप्त मात्रा में है। चिकित्सा कर्मचारी सर्वे कर रहे हैं। क्षेत्र में चिकित्सकों की कमी के चलते झोला छाप फायदा उठा रहे हैं। चिकित्सकों का कहना है कि इन दिनों वायरल फीवर का प्रकोप है। सर्दी, जुकाम और खांसी के मरीज उपचार के लिए रहे हैं।
रामभरोसे धनाऊ अस्पताल
धनाऊ.नवगठित पंचायत समिति धनाऊ की पीएचसी इन दिनों राम भरोसे है। गत चार माह से यहां चिकित्सकों का पद रिक्त है। पीएचसी में इलाज कराने आनेवाले मरीजों को काफी परेशानी रहती है। इमरजेंसी के दौरान मरीजों को इलाज के लिए दूरदराज के इलाकों में जाना पड़ रहा है। चिकित्सकों का कहना है कि इन दिनों क्षेत्र में मौसमी बीमारियों को प्रकोप है। समाजसेवी धर्मसेवी राजपुरोहित ने बताया कि वे अपने रिश्तेदार को लेकर इलाज के लिए पीएचसी लेकर आए, लेकिन यहां डॉक्टर नहीं होने से मरीज को इलाज के लिए सांचौर ले जाना पड़ा।
ग्रामीणों ने दिया धरना
बाड़मेर. गत एक साल से स्वास्थ्य केंद्र बाधा बंद है। ऐसे में इन दिनों मौसमी बीमारियों से परेशान मरीजों को उपचार के लिए दूरदराज के इलाकों में जाना पड़ रहा है। परेशान ग्रामीणों ने केंद्र के आगे धरना शुरू कर दिया है। ग्रामीणों का कहना है कि इस बारे में संबंधित उच्चाधिकारियों को अवगत कराने के बावजूद समस्या का समाधान नहीं हो रहा जिससे ग्रामीणों में
धोरीमन्ना. उप स्वास्थ्य केंद्र बाधा के बंद रहने से परेशान ग्रामीणों ने दिया धरना।
बायतु. सीएचसी में मरीजों की भीड़।
बायतु। मौसम में हो रहे बदलाव के साथ ही जिले के पीएचसी सीएचसी में मरीजों की संख्या में दिनोंदिन इजाफा हो रहा हैं। मंगलवार को भी बायतु सीएचसी में मरीजों की भीड़ रही।
तीस बैड के अस्पताल को क्रमोन्नत करने की मांग पूर्व में कई बार की गई। लेकिन हर बार अधिकारियों जनप्रतिनिधियों ने आश्वासन देकर टरका दिया। दूरदराज से यहां इलाज के लिए आने वाले मरीजों को कतार में घंटों खड़ा रहना पड़ रहा है। अस्पताल में सात पद स्वीकृत है लेकिन यहां महज तीन डॉक्टर ही कार्यरत हैं। अस्पताल में पर्ची काटने के लिए एक ही काउंटर होने से मरीज परेशान है। अस्पताल में पार्किंग व्यवस्था भी नहीं है।
फिलहाल क्षेत्र में मौसमी बीमारियों का प्रकोप है। स्वाइन फ्लू से बचाव के लिए टेमी फ्लू दी जा रही है। साथ ही लोगों को गरम पानी पीने तथा गरम खाना खाने की सलाह दी जा रही है। अस्पताल में चौबीस घंटे मरीजों को देखा जा रहा है। डॉ.एम.आरछीपा, बायतु।