- Hindi News
- बालिकाओं ने पढ़ाई के लिए कलेक्टर से लगाई गुहार
बालिकाओं ने पढ़ाई के लिए कलेक्टर से लगाई गुहार
बाल अधिकारिता विभाग, यूनिसेफ और पीसीसीआरसीयू की ओर से संचालित लाडली सम्मान अभियान के दौरान जगह-जगह देखने को मिल रहे हैं ऐसे हालात
झालावाड़| झालरापाटनकी बैरवा बस्ती में रहने वाली तीन गरीब बालिकाओं ने कलेक्टर को पत्र लिखकर गुहार की है कि उनकी शिक्षा का बंदोबस्त किया जाए। इन बच्चियों का पिता बालचंद लापता हो गया है जबकि मां काली बाई ने बूंदी जिले में दूसरा विवाह रचा लिया है। इनकी दस वर्ष की बच्ची मनीषा पांचवीं कक्षा में पढ़ रही है जबकि निशा दूसरी कक्षा में पढ़ रही है। बच्चियां पढ़ना चाहती हैं, लेकिन गरीबी के कारण दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
अब इन्होंने मजबूर होकर कलेक्टर से प्रार्थना की है कि वह इनकी पढ़ाई लिखाई का अच्छी व्यवस्था करें। ऐसे अनेकों नजारे बाल अधिकारिता विभाग, यूनिसेफ और पीसीसीआरसीयू की ओर से संचालित लाडली सम्मान अभियान के दौरान देखने को मिल रहे हैं।
बच्चियांस्कूल बंद होने पर रहती हैं भूखी
दोनोंबच्चियों को दिन का खाना स्कूल में मिलने वाले मिड-डे-मील से ही मिलता है। जबकि रात को पड़ोस में रहने वाली ताई वाली बाई रोटी मुहैया कराती है। कई बार स्कूल की छुट्टी होने के चलते बच्चियों को भूखे भी रहना पड़ता है। ताई ने ग्राम मित्रों को बताया कि वह खुद दस साल से विधवा है और एक बेटा पागल है। विधवा पेंशन से घर का खर्च चलता है।