िवद्यालय पर ताला, तीन घंटे तक स्टाफ कैद
ग्राम पंचायत नारौली डांग में भामाशाहों द्वारा दान में दिए भवनों में संचालित राबाउप्रावि तथा राउप्रावि को राज्य सरकार ने गत दिनों सीनियर विद्यालय में मर्ज करने के विरोध में सोमवार को अभिभावकों तथा छात्राओं ने राबाउमावि पर ताला जड़कर जमकर विरोध प्रदर्शन किया। वहीं तीन घंटे तक स्टाफ को कैद कर दिया।
सूचना मिलते ही अति.ब्लॉक शिक्षा अधिकारी विमल कुमार जैन मौके पर पहुंचे और समझाइश कर ताला खुलवाया। ग्राम सेवा सहकारी समिति के उपाध्यक्ष राजकुमार मीणा, उपसरपंच सत्यनारायण सिंहल, व्यापार मंडल के अध्यक्ष शिवचरण मंगल, माया हरिजन, बृजमोहन, रमेश बैरवा, रामसहाय माली सहित कई ग्रामीणों ने बताया कि सन 1945 में सेठ रामप्रसाद आनंदीलाल महाजन ने राउप्रावि नं. 1 के भवन तथा भामाशाह कान्हा पुत्र घीस्या महाजन ने वर्ष 1966 में राबाउप्रावि का भवन कुआ दान में दिया। जिनकों गत दिनों विभाग ने सीनियर विद्यालय में मर्ज कर दिया है। छात्रा मुनेशी सैनी, सुमन, वंदन बैरवा, अंकिता प्रजापत ज्योति सैन ने बताया कि राबाउमावि में भवन का अभाव होने के कारण कक्षा एक से 8 वीं की छात्राओं को बरामदे में दो कमरों में बिठाया जाता है। वहीं विद्यालय में पीने के पानी की भी समुचित व्यवस्था नहीं है। दूसरी ओर राउप्रावि के नन्हे-मुन्ने बालकों को आम बाजार उपखंड के सबसे व्यस्ततम मार्ग नारायणपुर रेल्वे स्टेशन से सपोटरा गुजरन पर दुर्घटना की संभावना बनी रहती है। शिक्षा विभाग के अधिकारियों को अवगत कराने के बावजूद सुनवाई नहीं हो रही है।
148 बालक पढ़ने नहीं जा रहे स्कूल
करौली|पंससपोटरा की ग्राम पंचायत दौलतपुरा के लोगों को एकीकरण का विरोध महीने भर से जारी है। गांव के 148 बालक चार किमी दूर अब पढ़ाई करने नहीं जा रहे हैं। इससे बच्चों का भविष्य अंधकारमय बना हुआ है। गौरतलब है कि एकीकरण के तहत राज्य सरकार ने रामावि दौलतपुरा को रामावि कल्याणपुरा में कर दिया है। जिसकी दूरी लगभग 4 किमी है। इसके विरोध में गांव के लोग 22 अगस्त से दौलतपुरा के बंद किए स्कूल पर ताला जड़कर समानीकरण का विरोध कर रहे हैं,मगर शिक्षा विभाग कोइ्र सुनवाई नहीं कर रहा है। इससे विद्यालय में पढ़ने वाली 65 छात्राओं सहित कुल 148 बच्चों को शिक्षा से वंचित रहना पड़ रहा है। ग्रामीण हेमराज शर्मा, हरि गुर्जर गजानंद बैरवा, प्रहलाद गुप्ता, शिवचरण बैरवा, रामधन बैरवा वार्डपंच, शिवचरण