तहसीलदार ने रुकवाया निर्माण कार्य
तहसीलदारने अदालत के स्टे के बावजूद तेली समाज की ओर से करवाए जा रहे निर्माण कार्य को रुकवा दिया। उन्होंने निर्माण कार्य करवाने वालों को पाबंद भी किया। इस बारे में बावन माता मंदिर के पुजारी ने शिकायत की थी।
जानकारी के मुताबिक संबंधित स्थान पर करीब 15 वर्ष पूर्व भी निर्माण कार्य हुआ था। इस बारे में बावन माता के पुजारियों ने अदालत में शिकायत की थी। इस पर केकड़ी कोर्ट ने बावन माता कि उक्त जमीन पर 6 दिसंबर 1999 को स्थगन आदेश पारित करते हुए स्टे जारी किया था। कोर्ट ने इसकी निगरानी के लिए तहसीलदार एवं सावर थाना प्रभारी को रिसीवर नियुक्त कर रखा है। तब से जगह खाली पड़ी है। अब तेली समाज के लोगों ने निजी स्तर पर बैठने के लिए सार्वजनिक धर्मशाला के रूप मे निर्माण करवाया जा रहा है। इसकी शिकायत मंदिर के पुजारी प्रहलाद पुत्र बजरंग लोहार ने तहसीलदार को की। कोर्ट के स्टे के बावजूद हो रहे निर्माण कार्य की शिकायत काे सावर तहसीलदार राजेश कुमार मीणा ने गंभीरता से लिया। उन्होंने सोमवार को कानूनगो रामकल्याण मीणा के साथ मौके पर पहुंचकर वहां चल रहे निर्माण कार्य को रुकवाकर निर्माण करवा रहे लोगों को पाबंद करते हुए सामान जब्त कर लिया। तहसीलदार की इस कार्यवाही का तेली समाज के लाेगो ने विरोध किया। उन्होंने बताया कि वह यहां पर सार्वजनिक निर्माण कार्य करवा रहे हैं। बावन माता कि जमीन पर कई जगह अतिक्रमण हाे रहे हैं। तेली समाज के लोगो ने उनको भी हटवाने की मांग की है। मौके पर समाज के लोगो तहसील प्रशासन के बीच गहमा-गहमी हुई। मामला बढता देख तहसील के कानूनगो रामकल्याण मीणा ने आक्रोशित तेली समाज के लोगो को समझाया। उन्होंने इसे कोर्ट की अवमानना बताते हुए संयम रखने की नसीहत दी। इस पर समाज के लाेग शांत हो गए। इसके बाद सभी लोगों को पाबंद करते हुये दोबारा निर्माण कार्य नहीं करवाने की चेतावनी दी गई।