अस्पताल में बढ़ रहे हैं मरीज
24 हजार लोगों को पिलाया काढ़ा
स्वाइनफ्लू से बचाव के लिए आयुर्वेद विभाग की ओर से गुरुवार तक 23 हजार 820 लोगों को आयुर्वेदिक काढ़ा पिलाया गया। जिला आयुर्वेद अधिकारी हर्ष कुमार शर्मा ने बताया कि 109 विद्यार्थियों को भी काढ़ा पिलाया गया। इसके अलावा 19 हजार 974 लोगों का सर्वे भी किया गया। उन्होंने बताया कि स्वाइन फ्लू रोग के बचाव में आयुर्वेदिक काढ़ा कारगर है। काढ़ा रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाता है, जिससे स्वाइन फ्लू होता ही नहीं है। उन्होंने बताया कि जिला कलेक्टर के निर्देशानुसार जिला शिक्षा अधिकारी को पत्र लिखकर विद्यालयों के संस्था प्रधानों को आयुर्वेदिक काढ़ा पिलाने में सहयोग करने को कहा है।
खैरथल: गुरुवारको 2187 लोगों को आयुर्वेदिक काढ़ा पिलाया गया। इसके तहत बालिका उच्च माध्यमिक विद्यालय खैरथल, दुलानी पब्लिक स्कूल, आयुर्वेदिक औषधालय तथा अंबेडकर सर्किल पर कुल 1718 लोगों को स्वाइन फ्लू से बचाव के लिए आयुर्वेदिक काढ़ा पिलाया गया। इस दौरान डॉ. महावीर प्रसाद यादव, डॉ. शोभा शर्मा, सोमपाल चौधरी, नर्स रेखा आदि मौजूद रहे। इधर इस्माइलपुर गांव में सर्वे कर चिकित्साकर्मियों ने स्कूल में काढ़ा पिलाया। 253 मरीजों को इस्माइलपुर गांव में काढ़ा पिलाया गया। इस दौरान डा. सुमन चाहर, खिल्लुराम, राजेश मौजूद थे। निकटवर्ती गांव पेहल के राजकीय आयुर्वेदिक औषधालय की चिकित्साधिकारी डॉ. विमला गौड़ के निर्देशन में राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय, नवदीप पब्लिक स्कूल मेंं विद्यार्थी ग्रामीणों को आयुर्वेदिक काढा पिलाया। इस दौरान पर्यावरण प्रेमी प्रशांत शर्मा, जसवंत सैनी, सोनू लोढ़ा, महेश रजवानी आदि मौजूद थे। निकटवर्ती गांव पेहल में चौथे दिन 216 लोगों को काढ़ा पिलाया गया।
किशनगढ़बास: गांवजाटका माहोंद में 80 लोगों को काढ़ा पिलाया। चिकित्सा अधिकारी डा. युधिष्ठिर पमनानी ने यह जानकारी दी।
कठूमर: आयुर्वेदविभाग सीएचसी कठूमर पर डा. मोहनलाल दीक्षित और ताराचंद द्वारा रोगियों को स्वाइन फ्लू का काढ़ा पिलाया।
लक्ष्मणगढ़: ईटेडाप्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में काढ़ा पिलाया गया। आयुर्वेदिक चिकित्सक सुरेश वर्मा ने 300 लोगों को काढ़ा पिलाया। साथ ही पीएचसी प्रभारी राकेश चौधरी ने स्वाइन फ्लू रोग से बचाव के बारे में विस्तार से बताया।
खैरथल | कस्बेमें गुरुवार को एक महिला स्वाइन फ्लू पॉजिटिव पाई गई। जबकि दो संदिग्ध रोगी मिले। सीएचसी प्रभारी चिकित्सक राजेश लालवानी ने बताया कि वार्ड नं. 23 खैरथल निवासी योगिता देवी (35) को संदिग्ध मानते हुए 10 फरवरी को जयपुर रेफर किया गया था। गुरुवार को महिला की रिपोर्ट पॉजिटिव आई। इसी प्रकार दो मरीजों को संदिग्ध देखते हुए गुरूवार को जयपुर रेफर किया गया। स्वाइन फ्लू से भयभीत होकर प्रतिदिन सैकड़ों लोग चिकित्सालय में अपने स्वास्थ्य की जांच कराने रहे हैं। वतर्मान में प्रतिदिन करीबन 500 मरीजों की जांच की जा रही है।
किशनगढ़बास. स्वाइन फ्लू के चलते स्कूली बच्चों ने लगाया मास्क।
खैरथल. स्वाइन फ्लू से बचाव के लिए बच्चों को काढ़ा पिलाते हुए।