• Hindi News
  • अब ई मित्र पर भी मिलेगा डाॅक्टर का परामर्श

अब ई-मित्र पर भी मिलेगा डाॅक्टर का परामर्श

6 वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक
सही जवाब मिलने पर मिलेगा मैसेज

ई-मित्रकेंद्र पर डॉक्टर से प्रश्न पूछने पर मरीज की जानकारी मांगी जाएगी। इसमें रोगी का नाम, लिंग, उम्र, जाति, आधार नंबर सहित मोबाइल नंबर की जानकारी दी जाएगी। इसके बाद अगर डाॅक्टर रोगी को परामर्श देता है तो इसकी सूचना रोगी के मोबाइल पर भेजी जाएगी।

50से 100 रुपए तक चुकाना होगा शुल्क

ई-मित्रकियोस्क पर चिकित्सकीय परामर्श लेने वाले व्यक्ति को ई-मित्र संचालक को फोन, ई-मेल मैसेज की अलग-अलग श्रेणियों से पूछे गए सवालों के लिए अलग-अलग शुल्क चुकाना होगा। इसके तहत ई-मेल संदेश से चिकित्सकीय परामर्श लेने पर 50 रुपए तथा फोन के जरिए परामर्श लेने पर 100 रुपए शुल्क अदा करना होगा।

इंटरनेट सेवा से जुड़ें तभी मिलेगा लाभ

सरपंचसंघ अध्यक्ष भानुप्रतापसिंह हाड़ा ने बताया कि सरकार की नई योजना से ग्रामीणों को राहत मिलेगी। लेकिन इसका सही लाभ तभी मिल पाएगा जब सभी ग्राम पंचायत मुख्यालयों पर लोग इंटरनेट से जुडे़गे। अभी कई जगह बीएसएनल का नेटवर्क नहीं आने से पंचायतों के कामकाज ही प्रभावित हो रहे हैं। प्रोग्राम मँनेजर राजकुमार सेन ने बताया कि ई-मित्र कियोस्क पर सरकार की ओर से चिकित्सकीय परामर्श सेवा शुरू की गई है। इसके लिए राज्य सरकार की अोर से निजी कंपनी से एमओयू किया गया है। कोई भी मरीज आॅनलाइन चिकित्सकीय परामर्श ले सकता है। यह सेवा सामान्य बीमारी के लिए है।

किशनगंज. कस्बे में स्थित ई-मित्र केंद्र।

भास्कर न्यूज | किशनगंज

अबई-मित्र को भी नई चिकित्सा सेवाओं से जोड़ा जा रहा है। पहले से ही शहरी ग्रामीण क्षेत्र में ई-मित्र केंद्राें पर दर्जनों सेवाओं का लोगों को लाभ मिल रहा था। हाल ही में सेवाओं में बढ़ोतरी करते हुए सरकार ने ई-मित्र केंद्रों पर चिकित्सा सेवाओं का भी विस्तार किया है। नई सेवा के अनुसार अब ग्रामीणों को गांव में ही डॉक्टरों का परामर्श मिलने लगेगा।

नए आदेश के बाद अब कोई भी मरीज ई-मित्र केंद्र पर जाकर डाॅक्टर से बीमारी के बारे में परामर्श ले सकेगा। हाल ही में शुरू हुई सेवा से वह डाॅक्टर से तीन तरह के सवाल पूछ सकेंगे। इसकी एवज में उन्हे निर्धारित शुल्क देना होगा। सरकार की ओर से शहरी ग्रामीण क्षेत्र में रहने वाले लोगों को अधिक सुविधाएं प्रदान करने के लिए ई-मित्र सेवाओं में बढ़ोतरी करने के लिए यह कदम उठाया गया है।

ग्रामीणोंको चक्कर काटने से मिलेगी मुक्ति

यहसेवा शुरू होने के बाद ग्रामीण इलाकों के लोगों को बीमारी की जानकारी लेने के लिए शहरों के चक्कर नहीं काटने पडे़गें। अगर कियोस्क पर पूछे गए प्रश्न के दौरान डॉक्टर द्वारा गंभीर बीमारी बताए जाने के बाद इलाज जांच के लिए ही किसी बडे़ शहर के अस्पताल में दिखाने के लिए जाना पडे़गा। इस व्यवस्था से ग्रामीण क्षेत्र में रहने वाले ग्रामीणों को आर्थिक मानसीक तो पर काफी राहत मिलेगी।