जोखिम भरा है हाइवे का सफर
शहरकी यातायात व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई है। प्रमुख सड़कों पर नो एंट्री में भी वाहन बेरोकटोक दौड़ रहे हैं। नो पार्किंग एरिया में वाहन खड़े रहते हैं। भारी वाहनों के निकलने और थड़ी ठेलों के कारण शहर की प्रमुख सड़कों पर दिन में कई बार जाम लगता है।
कस्बे के मुख्य चौराहे, नीमकाथाना रोड, हाइवे की सर्विस लेनों पर दिनभर जाम की स्थिति बनी रहती है। स्थिति तब और खराब हो जाती है, जब मुख्य चौराहे सर्विस लेनाें पर ओवरलोडिंग वाहनों के टायर फटते हैं। इनके फटने की आवाज बम फटने के समान होती है। टायर फटने से तेज धमाके की आवाज के साथ उछले कंकड़ आस पास चल रहे राहगीरों को अपनी चपेट में ले लेते हैं।
अमूमन रोजाना मुख्य चौराहे दोनों सर्विस लेनों पर दिनभर में कई ओवरलोडिंग वाहन या तो ब्रेक डाउन होते हैं या फिर धमाके के साथ उनके टायर फटते हैं। मुख्य चौराहे पर स्थिति तब और बिगड़ जाती है जब यहां निजी वाहनों का जमावड़ा दिनभर रहता है। बस स्टैंड नहीं होने से रोडवेज, निजी बसें अन्य वाहन बीच चौराहे पर खड़ा कर यात्रियों को बिठाते हैं।
कोटपूतली. आेवरलोडवाहनों के ब्रेकडाउन होने से आएदिन हाइवे की सर्विस लेन पर लगा रहता है जाम। (इनसेट) हाइवे पर खराब खड़ा ट्रोला।
काोटपूतली. रविवारको ओवरलोडिंग डंपर के टायर ब्रस्ट होने से राहगीर को पत्थर उछलने से लगी चोट।