जीएसएस का अर्थ फेल, पसरा अंधेरा
3 माह से सौर ऊर्जा वाली लाइटें खराब
कस्बेके जौहरी बाजार के शिवालय के पास पापडा़ मोहल्ला सहित ग्राम पंचायत क्षेत्र में कई स्थानों पर तीन माह से खराब पडी़ सौर ऊर्जा से संचालित स्ट्रीट लाइटों को सही करवाने के लिए युवाओं ने रविवार को विरोध प्रदर्शन किया।
उन्होंने बताया कि पंचायत प्रशासन को कई बार अवगत कराने के बावजूद सही नहीं किया जा रहा है। इसके कारण रात में आम रास्तों में अंधेरा होने से राहगीरों को आवाजाही में परेशानी हो रही है। रायसर विकास मंडल के युवाओं ने रविवार को शुभम शर्मा के नेतृत्व में जौहरी बाजार के शिवालय की खराब पडी़ सौर ऊर्जा से संचालित स्ट्रीट लाइट के पास विरोध प्रदर्शन किया और पंचायत क्षेत्र में खराब स्ट्रीट लाइटों को शीघ्र सही कराने की मांग की।
पंचायत क्षेत्र में सरकारी योजनानुसार गत वर्ष सौर ऊर्जा से संचालित रोड लाइटें लगवाई गई थी। हरेक लाइट की लागत करीब 21 हजार 800 रुपए आई थी। इनमें से कुछ लाइटों की बैटरियों को तो चोर ही ले गए और अब करीब 3 महीनों से कस्बे में कई जगह इन सौर ऊर्जा से संचालित रोड लाइटें खराब पडी़ होने से रात में अंधेरे के कारण राहगीरों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
विकास मंडल के कार्यकर्ताओं ने पंचायत प्रशासन से नियमित इन रोड लाइटों की सार संभाल करने की मांग की। प्रदर्शनकारियों में राजेश अखरिया, जितेन्द्र छीपी, विकास गुप्ता, शुभम शर्मा आदि मौजूद थे।
भास्कर न्यूज | नारेहड़ा (कोटपूतली )
एकओर राज्य सरकार गांवों में 24 घंटे बिजली देने के लिए प्रयासरत है वहीं नारेहड़ा जीएसएस के कर्मचारियों की लापरवाही के चलते इसके अधीनस्थ आने वाले दर्जनों गांवों ढाणियों में सुबह से शाम तक आधा घंटे भी बिजली नसीब नहीं हो रही है। ग्रामीणों के रोजमर्रा के कार्य ठप होने के साथ जलापूर्ति भी बाधित हो रही है।
हाल ही बने शुक्लाबास जीएसएस के शनिवार से चालू होने की संभावना थी। इस केन्द्र के चालू होने से क्षेत्र के तमाम गांवों के उपभोक्ताओं को राहत मिलनी थी लेकिन केन्द्र में अर्थिंग काम नहीं करने के चलते उसके शीघ्र शुरू होने पर सवालिया निशान खड़े हो गए है। अधिकारियों का मानना है कि अर्थिंग दुबारा करने में करीब एक माह का समय लगेगा।
अर्थिंगचालू होने में माहभर का समय लगेगा
बिजलीनिगम के जेईएन मनोहरलाल ने बताया कि बिजली नारेहड़ा, खड़ब, शुक्