66 दिन बाद अदालतों में चहल-पहल
कोटपूतली| कस्बेकी सूनी पडी़ अदालतों में सोमवार से काम शुरू हो गया। वकीलों की हड़ताल के चलते 66 दिन से अदालतों में कामकाज ठप पड़े थे। एसडीएम न्यायालय ने हड़ताल से पहले 30 जून को 1391 मुकदमे विचाराधीन थे। हड़ताल के चलते उनका डिस्पोजल नहीं होने से 30 अगस्त को यह आंकड़ा 1435 हो गया। सहायक कलेक्टर न्यायालय में 30 जून को 1447 मुकदमे विचाराधीन थे जो 30 अगस्त को 1515 हो गए। एडीजे न्यायालय में 30 अगस्त को 453 फौजदारी, 12 सौ दीवानी 1774 एमएसीटी के मुकदमे विचाराधीन थे। एसीजेएम न्यायालय में यह आंकड़ा 30 अगस्त को 2500, एमजेएम न्यायालय में 2054 एएमजेएम न्यायालय में यह आंकड़ा 1315 का था।
टोलरोड नहीं सुधारी तो आंदोलन
अजीतगढ़| अजीतगढ़-शाहपुरास्टेट हाइवे पर गड्ढों एवं धाराजी घाटी के टूटे डिवाइडरों को दुरुस्त करवाने की मांग को लेकर सोमवार को वाहन चालकों एवं ग्रामीणों ने अजीतगढ़ नायब तहसीलदार जगमालसिंह को ज्ञापन दिया और कहा िक अगर सात दिन में टोल रोड की मरम्मत नहीं करवाई गई तो आंदोलन किया जाएगा।
ग्रामीणों ने बताया कि शाहपुरा अजीतगढ़ स्टेट हाइवे पर त्रिवेणी के पास टोल बूथ है। करीबन एक वर्ष से अजीतगढ़ रीको से पहले सड़क पर बने करीबन डेढ़ से दो फीट के गड्ढे एवं धाराजी घाटी के डिवाइडर टूटे पड़े हैं। इससे कई बार हादसे हो चुके हैं। त्रिवेणीधाम धार्मिक स्थल होने से रोजाना भक्त इस सड़क से होकर गुजरते हैं। दिल्ली नेशनल हाइवे से होकर खाटू श्याम दर्शन को जाने का यह वीआईपी मार्ग है। टोल कम्पनी अधिकारी टोल बूथ लगाकर टोल वसूलते हैं, लेकिन इसकी मरम्मत के प्रति गंभीर नहीं हैं।
अजीतगढ़ नायब तहसीलदार जगमालसिंह यादव का कहना है कि स्टेट हाइवे पर टूटी सड़क एवं टूटे डिवाइडरों से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ता है। लोगों का ज्ञापन मिला है। संबंधित अधिकारियों को मरम्मत के लिए लिखा जाएगा।