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कागजी खानापूर्ति में भटकते रहे किसान

7 वर्ष पहले
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क्रय-विक्रयसहकारी समिति सिकराय में गुरुवार को 600 बैग पहुंच गए, लेकिन कलेक्टर के आदेश के बाद किसान दिनभर कागजी कार्रवाई में जुटे रहे, जिससे शाम तक सहकारी समिति में सिर्फ यूरिया के 10 बैग की ही बिक्री हो पाई।

गौरतलब है कि जिले में यूरिया की किल्लत को लेकर किसानों को क्रय-विक्रय सहकारी समिति ग्राम सेवा सहकारी समितियों में घंटों कतार में लगना पड़ रहा था। इसके बाद भी यूरिया नहीं मिलने पर आए दिन विवाद हो रहा था। कलेक्टर मुक्तानंद अग्रवाल ने पिछले दिनों पटवारी कृषि पर्यवेक्षक की रिपोर्ट के बाद ही यूरिया मिलने के आदेश दिए थे। शुक्रवार को क्रय-विक्रय सहकारी समिति में यूरिया के 600 बैग की आपूर्ति के बाद एक भी किसान नजर नहीं आया, जो भी आया वो कागजी खानापूर्ति कर ला रहा था। क्रय-विक्रय सहकारी समिति लेखाकार मोहरसिंह सैनी ने बताया कि सुबह से लेकर शाम तक सिर्फ 10 बैग की ही बिक्री हुई। किसानों को पटवारी ग्रामसेवक की रिपोर्ट के बाद ही यूरिया दिया गया, जिससे कार्यालय में बेवजह किसानों की भीड़ नहीं उमड़ी। इधर, सहायक कृषि अधिकारी धर्मसिंह गुर्जर ने बताया कि तहसील क्षेत्र के खाद विक्रेताओं को भी पटवारी कृषि पर्यवेक्षकों की रिपोर्ट के बाद ही किसानों को यूरिया बेचने के लिए पाबंद किया गया है। बिना रिपोर्ट के यूरिया बेचे जाने पर दुकानदारों के लाइसेंस निरस्त करने की कार्रवाई की जाएगी।

यूरिया के अधिक दाम वसूले, लाइसेंस निरस्त

दौसा| कृषिविभाग ने यूरिया के अधिक दाम वसूलने पर डीलर का लाइसेंस निलंबित कर दिया। कृषि अधिकारी अनिल शर्मा ने बताया कि लालसोट में अभिनव ट्रेडर्स द्वारा किसानों से यूरिया के अधिक दाम वसूले जा रहे थे। यूरिया खरीदने पर डीलर द्वारा द्वारा किसानों को बिल भी नहीं दिया जा रहा था। दुकान में निर्धारित मात्रा से अधिक कट्टे रखे थे।

सांसदने पीएम को बताई समस्या (दौसा) : सांसदहरीश चंद्र मीणा ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात कर जिले में चल रही यूरिया की किल्लत से अवगत कराया। सांसद ने बताया कि प्रधानमंत्री ने शीघ्र ही यूरिया की किल्लत दूर करने का आश्वासन दिया। उन्होंने बताया कि दौसा संसदीय क्षेत्र में मांग के अनुसार यूरिया की आपूर्ति नहीं हुई है, जिससे किसानों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।