ईओ की जांच रिपोर्ट अमान्य
बंबतालाब में मिट्टी दोहन के मामले में कलेक्टर ने जांच के आदेश दिए हैं। कलेक्टर ने एसडीएम मालपुरा को दिए जांच आदेश की अनुपालना में एसडीएम ने पालिका ईओ को बंब तालाब में मिट्टी दोहन मामले की जांच कर रिपोर्ट पेश करने के आदेश दिए थे, लेकिन ईओ की ओर से प्रस्तुत रिपोर्ट एक तरफा मिट्टी घोटाले पर लीपापोती जैसी प्रतीत होने पर एसडीएम ने ईओ की जांच रिपोर्ट को अमान्य करते हुए मामले की जांच के लिए तहसीलदार को जांच अधिकारी नियुक्त किया है।
मामले के अनुसार बीते दिनों सूखे बंब तालाब में से अवैधानिक रूप से मिट्टी खुदाई कर सड़कों पर ग्रेवल की एवज में डाल दी गई। इस संबंध में दैनिक भास्कर ने 28 जून 2014 के अंक में बंब तालाब की मिट्टी के अवैध दोहन के बारे में समाचार प्रकाशित कर अधिकारियों का ध्यान आकर्षित किया था। कलेक्टर ने समाचार प्रकाशित होने के बाद कार्रवाई करते हुए एसडीएम को मिट्टी दोहन मामले की जांच कर रिपोर्ट पेश करने के आदेश जुलाई 2014 में जारी किए। एसडीएम देवाराम सुथार ने कलेक्टर के आदेश की अनुपालना में उक्त घोटाले की जांच के लिए उसी अधिकारी को नियुक्त कर दिया जिसके द्वारा सड़कों पर ग्रेवल डालने के ठेके जारी किए थे। ईओ ने अपनी जांच रिपोर्ट में बंब तालाब में किसी प्रकार का मिट्टी दोहन से इनकार करते हुए रिपोर्ट एसडीएम को पेश कर दी। एसडीएम ने पालिका ईओ की जांच रिपोर्ट को सही नहीं मानते हुए अमान्य कर दिया। बंब तालाब में अवैध रूप से मिट्टी खुदाई कर 20 फुट गहरे गड्ढे कर दिए गए। पालिका की ओर से सड़कों पर ग्रेवल डालने के ठेकेदारों को लाखों रुपए के टेंडर दिए गए, लेकिन पालिका की ही मिलीभगत से बंब तालाब की मुफ्त की मिट्टी खोद कर छतरेश्वर महादेव रोड जवाहर नगर से घाटी रोड पर डाल दी गई। पालिका प्रशासन आैर ठेकेदारों की मिलीभगत से बंब तालाब से की गई मिट्टी खुदाई से गहरे गड्ढे हो गए, जिनमें पानी भरने से हादसे का डर बना हुआ है।