पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें
  • Hindi News
  • National
  • खाद बीज लाइसेंस में शिक्षा की अनिवार्यता का विरोध

खाद-बीज लाइसेंस में शिक्षा की अनिवार्यता का विरोध

5 वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक
केंद्रसरकार की ओर से खाद-बीज कृषि रसायन के लाइसेंस में शैक्षणिक योग्यता अनिवार्य करने के विरोध में मंगलवार को जिलभर में खाद-बीज कीटनाशक विक्रेताओं ने अपने प्रतिष्ठान बंद रखें। विक्रेताओं ने केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री के नाम कलेक्टर को ज्ञापन देकर शैक्षणिक योग्यता समाप्त करने की मांग की। बनास कृषि आदान विक्रेता संघ के अध्यक्ष अशोक कुमार जैन, मंत्री मनीष टिक्कीवाल ने बताया कि कीटनाशी विक्रय, स्टॉक या विक्रय के लिए अनुमति प्राप्त करने के लिए केंद्र सरकार ने बीएससी एग्रीकल्चर की शैक्षणिक अनिवार्यता लागू की है। गांव के कई छोटे किसान परिवार अपनी आजीविका के लिए खाद-बीज, कृषि रसायन आदि बेचते हैं। ये किसान गरीब होने के साथ ही काफी कम पढ़े लिखे होते हैं। शैक्षणिक योग्यता की अनिवार्यता से बेरोजगारी के इस दौर में इनके समक्ष रोजी-रोजी का संकट हो जाएगा।

बंदहो जाएंगी 90 फीसदी दुकानें

टोडारायसिंह | कीटनाशकसंशोधन नियम- 2015 एवं उर्वरक संशोधन नियम 2015 में अनिवार्य शैक्षणिक योग्यता को समाप्त करने की मांग को लेकर मंगलवार को राजस्थान एग्रीकल्चर इनपुट्स डीलर एसोसिएशन टोडारायसिंह अध्यक्ष रामराज धाकड़ की अगुआई में पदाधिकारियों ने कृषि मंत्री के नाम एसडीएम शंकरलाल सैनी को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन मंें बताया कि व्यापारियों के लिए यह संशोधन घातक होगा तथा 90 प्रतिशत प्रतिष्ठान बंद हो जाने की स्थिति में होंगे। ऐसे में इस पर पुनर्विचार करे तथा अनिवार्यता को समाप्त करे। ज्ञापन देने वालो में रामधन चौधरी, गोविंद गुप्ता, श्योपाल चौधरी, मदनलाल अग्रवा, मुकेश मीणा, शिवजी लाल, रमेश चंद, सत्यनारायण आदि पदाधिकारी है।

मालपुरा|खाद-बीजविक्रेताओं ने अपने प्रतिष्ठान बंद रख कर हड़ताल की तथा एसडीएम को कृषि मंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में बताया कि दुकानदार इस इसे किसी भी सूरत में स्वीकार नहीं कर सकते और इसका पुरजोर विरोध किया जाएगा। इससे समस्या खड़ी हो जाएगी।

आनन-फानन में उठाया कदम

देवली| कृषिआदान विक्रेता संघ ने नई लाइसेंस प्रणाली के विरोध में दुकानें बंद रख विरोध जताया और एसडीएम मनोज कुमार को केंद्र सरकार के कृषि मंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा। संघ के अध्यक्ष राजीव भारद्वाज ने बताया की भारत सरकार ने गजट नोटिफिकेशन कीटनाशक संशोधित नियम 2015 एवं उर्वरक अधिसूचना 2015 के अंतर्गत इनका विक्रय करने वाले वर्तमान व्यापारियों एवं नए लाइसेंस लेने वाले व्यापरियों के लिए शैक्षणिक योग्यता निश्चित की है उससे पुराने अनुज्ञा पत्रधारी व्यापारियों के सामने रोजी-रोटी का संकट खड़ा हो गया है। ज्ञापन में बताया कि सरकार ने आनन-फानन में इस तरह के नियम बनाने जा रही है, जो आमजन के लिए घातक सिद्ध होंगे। उन्होंने शीघ्र ही इसे रद्द करने की मांग की। मंगलवार को कृषि आदान विक्रेताओं ने अपने प्रतिष्ठान बंद रख सरकार द्वारा बनाए गए नियमों का विरोध किया। ज्ञापन देने वालों में कृषि आदान विक्रेता संघ के संरक्षक रमेश जिंदल, रोहित जिंदल, आयुष मंगल महेंद्र सहित कई व्यापारी शामिल थे।

रोजी-रोटी का संकट हो जाएगा

उनियारा| तहसील क्षेत्र के कृषि आदान विक्रे ताओं संघ ने मंगलवार को रैली निकालकर एसडीएम कार्यालय में कृषि मंत्री के नाम ज्ञापन दिया। सभी दुकानदारों ने अपनी दुकानें बंद कर रैली निकाल सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। एसडीएम कार्यालय में पहुंचकर संघ के कमरूद्दीन, गोपाल गगरानी, हनुमान, भागीरथ, राधेश्याम, कमलेश, मनीष, महेंद्र, हरिनारायण, जगदीश, रामसिंह, सलीम मोहम्मद सहित तहसील क्षेत्र के खाद बीज विक्रेता संघ के पदाधिकारियों ने बताया कि इससे अधिकांश दुकानें बंद हो जाएंगी तथा व्यापारियों के सामने रोजी-रोटी का संकट खड़ा हो जाएगा।

टोंक. खाद-बीजलाइसेंस में शैक्षणिक योग्यता की अनिवार्यता के विरोध में कलेक्टर को ज्ञापन (बाएं) देने पहुंचे व्यापारी। टोडारासिंह में एसडीएम को ज्ञापन सौंपते खाद-बीज व्यापारी। इस दौरान अपनी नाराजगी भी दर्ज कराई।

खबरें और भी हैं...