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सहकारिता विभाग ने सहकारी संस्थाओं की जानकारी मांगी
जिलेमें कई सहकारी संस्थाएं नए चुनाव के इंतजार में हैं क्योंकि यहां निर्वाचित बोर्ड का कार्यकाल समाप्त हो चुका है। सरकार अब इन संस्थाओं की सुध ले रही है। जिले की 11 क्रय-विक्रय सहकारी समिति, उपभोक्ता भंडार, सीसीबी सहित अन्य सहकारी संस्थाओं के कार्यकाल पूरा होने के मामले में सहकारिता विभाग के रजिस्ट्रार ने सूचना मांगी है। इसमें कहा गया है कि इन संस्थाओं के कार्यकाल कब पूरा हुआ और कितने सदस्य है। हालांकि की तारीख अभी तय नहीं हुई परंतु विभाग से जुड़े लोगों का कहना है कि पंचायत चुनाव के बाद सहकारी संस्थाओं के चुनाव कराए जा सकते हैं। जिले की 11 केवीएसएस के संचालक मंडल का कार्यकाल 20 अगस्त को ही कार्यकाल पूरा हो गया था। इसी तरह सेंट्रल को-ऑपरेटिव बैंक में 30 सितंबर को बोर्ड का कार्यकाल पूरा हो गया। उपभोक्ता होलसेल भंडार में बोर्ड का कार्यकाल 27 अगस्त को ही पूरा हो गया। अभी उप रजिस्ट्रार अनिल काबरा को प्रशासक लगा रखा है। भूमि विकास बैंक के संचालक मंडल का कार्यकाल 15 जनवरी को ही पूरा हो गया था। इसके बाद संयुक्त रजिस्ट्रार अजमेर ने एडीएम प्रशासन को यहां प्रशासक लगाया है। केवीएसएस के माध्यम से खाद-बीज अन्य खाद्य सामग्री की सप्लाई होती है। अब संचालक मंडल की अस्थिरता होने से कामकाज ठप पड़ा हुआ है।
कलेक्टर एडीएम संभाल रहे हैं बैंक
सेंट्रलको-आॅपरेटिव बैंक के संचालक मंडल का कार्यकाल पूरा होने से कलेक्टर डॉ. रविकुमार सुरपुर अभी बैंक के प्रशासक है। भूमि विकास बैंक के बोर्ड का कार्यकाल जनवरी 14 में ही हो गया था। इसके बाद से ही एडीएम(प्रशासन)गिरिराजकुमार वर्मा को प्रशासक लगा रखा है।