- Hindi News
- National
- बीपीएल में चयन के लिए दर दर भटक रहे दिनेश ने राष्ट्रपति से लगाई इच्छा मृत्यु की गुहार
बीपीएल में चयन के लिए दर-दर भटक रहे दिनेश ने राष्ट्रपति से लगाई इच्छा मृत्यु की गुहार
भास्कर संवाददाता | मेड़ता सिटी
पिछलेदो साल से अपने परिवार को बीपीएल में चयनित कराने के लिए दर-दर भटक रहे मीरानगरी के एक युवक ने राष्ट्रपति के नाम का ज्ञापन कलेक्टर राजन विशाल को सौंपकर इच्छा मृत्यु मांगी है।
मंगलवार शाम यहां एसडीएम कार्यालय में गांधीजी की प्रतिमा का अनावरण करने आए कलेक्टर के समक्ष जैसे ही मालियों के मोहल्ले में रहने वाले 22 वर्षीय युवक दिनेश निंबावत (माली) ने इच्छा मृत्यु का मांग पत्र कलेक्टर को सौंपा तो उसे पढ़ते ही कलेक्टर खुद सकते में गए। उन्होंने तुरंत इस युवक को गंभीरता से सुना तथा एसडीएम राकेश गुप्ता से इस केस के बारे में डिटेल से जानकारी ली।
इसके बाद कलेक्टर राजन विशाल ने दिनेश को आश्वस्त किया कि उसका चयन प्रदेश स्तर पर डीएलबी विभाग से होगा इसलिए वे व्यक्तिगत रूप से 15 दिनों के अंदर उसे बीपीएल में चयनित करवा देंगे। साथ ही उन्होंने आश्वस्त किया कि सरकारी योजनाओं का लाभ भी उसके परिवार को दिलाया जाएगा। इस आश्वासन पर एकबारगी दिनेश मान गया मगर उसने गुहार करते हुए कहा कि वो दो साल से सरकारी योजनाओं का लाभ उठाने के लिए दर-दर भटक रहा है मगर पालिका उपखण्ड के कार्मिक उसकी सुनवाई नहीं कर रहे हैं।
इसलिएमांगी इच्छा मृत्यु
दिनेशने अपने इच्छा मृत्यु मांग पत्र में हवाला दिया है कि उसकी छोटी बहन अंजुलता (20) स्नातक है। यदि उसका परिवार बीपीएल में चयनित हो जाता तो उसकी छोटी बहन का बीएड में निशुल्क चयन हो जाता मगर बीपीएल में शामिल नहीं होने से वह बहन को 54 हजार रुपए की फीस देकर बीएड कराने में असमर्थ है।
इसी प्रकार उसका छोटा भाई जुगल (17) मेड़ता के राजकीय महाविद्यालय में प्रथम वर्ष में पढ़ रहा है मगर उसके पास उसकी पढ़ाई के लिए पैसे नहीं है। यह दौर उसके लिए शर्मिंदगी भरा दौर है इसलिए उसे इच्छा मृत्यु दी जाए। यदि वह बीपीएल में चयनित होता तो उसके भाई बहन को उच्च शिक्षा के लिए वंचित नहीं होना पड़ता।
15 दिन में सरकारी योजनाओं से जोड़ देंगे
^दिनेशनिंबावत नामक युवक ने आज मुझे इच्छा मृत्यु का मांग पत्र सौंपा है मगर मैंने उसे आश्वस्त किया है कि 15 दिनों में उसे तमाम सरकारी योजनाओं से जोड़ दिया जाएगा। दरअसल शहरी क्षेत्र में बीपीएल का चयन ऑनलाइन आवेदन से होता है। यह डीएलबी स्वयं करती है। मैं डीएलबी के उच्चाधिकारियों से वार्ता कर दिनेश उसके परिवार को बीपीएल में जल्द से जल्द चयनित करवा दूंगा। राजनविशाल, कलेक्टर, नागौर।
नागौर जाकर सुनाई पीड़ा मगर नहीं हुई कार्रवाई
यहांउपखंड अधिकारी ऑफिस में आए कलेक्टर राजन विशाल को पीड़ित युवक दिनेश ने अवगत कराया कि वह 19 नवंबर 2015 को वह जिला कलेक्ट्रेट में हुई जनसुनवाई में भी शामिल हुआ था और अपनी पीड़ा बताई थी। तब कलेक्टर ने 15 दिन में कार्रवाई करने का आश्वासन दिया था मगर ढाई माह बीत जाने के बाद भी कोई काम नहीं हुआ है।