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मेडिकल कॉलेज का प्रस्ताव बनाओ, खुलवाएंगे
अगलेमहीने पेश होने वाले राज्य बजट में जिले की उम्मीद को लेकर पीएचईडी मंत्री किरण माहेश्वरी ने विभागीय अधिकारियों की बैठक ली। मंत्री ने जिले में मेडिकल कॉलेज, इंजीनियरिंग कॉलेज, गर्ल्स कॉलेज खुलवाने, राजसमंद झील के संरक्षण, ऐतिहासिक धार्मिक पर्यटन सहित पेयजल नई सड़कों के प्रस्तावों को शामिल करने के निर्देश दिए। बैठक में जिले के तीनों विधायकों ने भी अपने-अपने क्षेत्र की जरूरतों समस्याओं से मंत्री विभागीय अधिकारियों को अवगत कराते हुए प्रस्ताव बनाने को कहा।
कलेक्ट्रेट सभागार में बुधवार को बजट सत्र को लेकर अधिकारियों के साथ विभागवार चर्चा की गई। मंत्री माहेश्वरी ने कहा कि जिले में धार्मिक, ऐतिहासिक पर्यटन में अपार संभावनाएं हैं। जिला मुख्यालय पर पर्यटन कार्यालय खोलने की स्वीकृति सरकार से होना बताते हुए कार्यालय संचालित करने की बात कही। जिले में पेयजल की समस्या का निराकरण, उपलब्धता, सड़क, पानी, बिजली, चिकित्सा जैसी सुविधाओं के प्रस्ताव बनाने को कहा। विधायकों ने अपने क्षेत्र की समस्याओं के निदान के लिए प्रस्ताव शामिल कराए। प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र एवं सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र खोलने की बात कही। बैठक में जिले के प्रभारी सचिव कुलदीप रांका, विधायक भीम हरिसिंह रावत, कुंभलगढ़ विधायक सुरेन्द्रसिंह राठौड़ तथा नाथद्वारा विधायक कल्याणसिंह चौहान, जिला प्रमुख प्रवेश कुमार, कलेक्टर कैलाशचन्द वर्मा, एसपी श्वेता धनखड़ की उपस्थिति थीं। बैठक में जिले के प्रभारी सचिव कुलदीप रांका एवं कलेक्टर कैलाशचन्द वर्मा ने विभागवार विभिन्न बिन्दुओं पर चर्चा कर संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए। बैठक में प्रधान, सामाजिक कार्यकर्ता भंवरलाल शर्मा, मुख्य कार्यकारी अधिकारी बीएल स्वर्णकार, अतिरिक्त कलेक्टर गोविन्दसिंह राणावत, मंदिर मंडल नाथद्वारा के मुख्य निष्पादन अधिकारी जगदीश पुरोहित, उपखंड अधिकारी राजसमन्द चैनाराम चौधरी, नगर परिषद आयुक्त बृजमोहन बैरवा, जिला उद्योग केन्द्र के महाप्रबंधक टीएस मारवाह, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. जीएल मीणा, सर्वशिक्षा अभियान के एडीपीसी युगलबिहारी दाधीच, सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता जीएल सिसोदिया, जिला रसद अधिकारी श्याम सुन्दर शर्मा, सेठ रंगलाल कोठारी कॉलेज प्राचार्य की सुशीला रील सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित थे।
राजसमंद। कलेक्ट्रेट सभागार में बजट के प्रस्तावों पर चर्चा के लिए बैठक में शामिल पीएचईडी मंत्री किरण माहेश्वरी। पीएचईडी मंत्री से पानी की समस्या को लेकर नाथद्वारा विधायक कल्याण सिंह चौहान बात करते हुए। बैठक में कुंभलगढ़ विधायक सुरेंद्र सिंह भीम विधायक हरिसिंह रावत, प्रभारी सचिव कुलदीप रांका, कलेक्टर कैलाश चंद्र वर्मा, एडीएम गोविंदसिंह राणावत भी उपस्थित थे। भास्कर
कल्याणसिंह: टंकियां बनी, बाघेरी से पानी दिलाओ
नाथद्वाराविधायक कल्याणसिंह चौहान ने पेयजल व्यवस्था पर नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि बाघेरी का पानी उपलब्ध है लेकिन ग्रामीणों को पेयजल समस्या का सामना करना पड़ता है। टंकियां ग्रामीणों के देखने के लिए बनाई है। टंकियां गांव से आधा-आधा एक-एक किमी दूर बनी हुई है। टंकियां काफी नीचे बनी हुई है, जबकि इसे ऊपर बनाना चाहिए था। उन्होंने टंकियों रिवाइज कराने को कहा। मंत्री ने वंचित गांवों को पाइप लाइन से जोड़ने की बात कही। विधायक ने बिजली विभाग द्वारा पेयजल की सप्लाई नहीं होने के बावजूद बिल पकड़ा देने पर विरोध जताया। बताया कि रेलमगरा में कुछ गांवों में पानी की समस्या है। उदयसागर की पाइन लाइन दरीबा में आती है। इस पाइन लाइन से वंचित गांवों को जोड़ा जाए। मंत्री ने मातृकुंडिया का सुझाव दिया लेकिन विधायक ने कहा कि इस पाइप लाइन से कोई खर्चा नहीं आएगा। किरण ने नहरों की मरम्मत का कार्य प्राथमिकता से कराने को कहा।
हरिसिंह:बीसलपुर चंबल से जोड़ो क्षेत्र
विधायकहरिसिंह रावत ने कहा कि भीम देवगढ़ में कई गांव में पानी उपलब्ध नहीं है। गांवों को बीसलपुर चम्बल से जोड़ा जाए। उन्होंने कहा कि पाइप लाइन भीम देवगढ़ के कुछ गांवों से होकर गुजर रही है लेकिन कई गांवों में पानी की समस्या बनी हुई है। इस दौरान पीएचईडी मंत्री ने कहा कि चम्बल बाघेरी के अधिकारियों के साथ संयुक्त मीटिंग करो। मीटिंग में निर्णय करो कि दोनों योजनाओं से कहां कितना पानी पहुंचा सकते हैं।
सूचनानहीं दी तो विधायक बोले, हम क्या पाकिस्तान में रहते हैं: भीमविधायक रमसा के अधिकारियों द्वारा निर्माण की स्वीकृति की सूचना नहीं देने पर भड़क गए। उन्होंने कहा कि स्वीकृति अधिकारी नहीं बताते हैं। वे अपनी मर्जी से काम शुरू कर देते हैं। इसे मंत्री ने सही बताते हुए कहा कि अधिकारियों का कर्तव्य है कि वे स्वीकृति के बाद विधायकों से चर्चा कर लें। शिलान्यास भी विधायकों से कराए जाएं। विधायक ने कहा कि हम क्या पाकिस्तान में रहते हैं... रमसा के अधिकारियों को चाहिए कि वे उनसे चर्चा करें। विधायक ने बिजली की लाइनें सही कराने की बात कही।
सुरेंद्रसिंह:पहाड़ी पर बिजली नहीं आती है
कुंभलगढ़विधायक सुरेंद्रसिंह राठौड़ ने कहा कि कुंभलगढ़ में बिजली का लोड पूरा नहीं आता है। पहाड़ी पर बिजली की परेशानी है। नाथद्वारा विधायक ने कहा कि निगम की ओर से बीपीएल परिवारों के घर मीटर तो लगा दिए जाते हैं लेकिन कनेक्शन नहीं किए जाते हैं। हर माह बिल भी भेज दिया जाता है।
कागजोंमें सही, मार्बल मंडी घोषित करो: बैठकमें कुंभलगढ़ विधायक ने कहा कि राजसमंद की पहचान मार्बल से है। उन्होंने एक अधिकारी से कहा कि आप तो यह बताओ की मार्बल मंडी घोषित करने के लिए क्या फोरमल्टी होती है। हमें तो केवल एक बार कागजों में मंडी घोषित करनी है। बाकी सब हम देख लेंगे।
पर्यटन के क्षेत्र में ये प्रस्ताव लिए
नौचौकीदिवेर में लाइट एंड साउंड का प्रस्ताव तैयार करो, पर्यटन को बढ़ावा देने की दृष्टि से नौ चौकी एवं दिवेर में महाराणा प्रताप स्मारक पर लाइट एंड साउंड सिस्टम को कुंभलगढ़ की भांति विकसित करने, जिले के ऐतिहासिक स्थलों को पुरातत्व विभाग के माध्यम से पहचान दिलाने के कार्य करने, हल्दीघाटी में सात दिवसीय अश्व मेला सरकार की ओर से लगवाने के निर्देश दिए।
किसानोंके लिए
कृषकोंकी मुख्य समस्या फसल को नील गायों से बचाने जैसी मुख्य समस्या पर भी विस्तार से चर्चा की गई। बताया गया कि इसके प्रस्ताव भारत सरकार स्तर से होने हैं लेकिन कृषि विभाग को इस दिशा में परीक्षण आधार पर जिला स्तर पर प्रस्ताव तैयार कर इस दिशा में काम करने के निर्देश दिए।
बजट में मंजूरी के लिए प्रस्ताव
>आरकेराजकीय अस्पताल में 150 से बढ़ाकर 300 बेड करवाने
> जिला मुख्यालय पर मेडिकल कॉलेज, इंजीनियरिंग कॉलेज और गल्र्स कॉलेज।
> केलवा, आमेट, सरदारगढ़ से देवगढ़, जिला मुख्यालय पर बजरंग चौराहे से 100 फीट रोड तक रोड बाइंडिंग कराने
> जिले में दुग्ध उत्पादकों से दूध का संग्रहण करने के लिए डेयरी के संचालन
> जिले को मार्बल मंडी का दर्जा देने > गौरव पथ निर्माण।
मंत्री ने बाघेरी का नाका, नंदसमंद, चिकलवास एवं राजसमन्द झील पर चर्चा करते हुए राजसमन्द झील में पानी की आवक बढ़ाने के लिए देवास परियोजना से पानी लिंक कर पेयजल का स्थाई समाधान करने के लिए सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता को प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश दिए। माही एवं बीसलपुर से भीम क्षेत्र को जोडऩे, मांडक, हरिसागर, मातृकुण्डिया सहित जिले के अन्य जलस्रोतों से पेयजल की आवक के व्यावहारिक प्रस्ताव बनाने को कहा। बाघेरी की नाका योजना से वंचित गांवों को जोडऩे पर चर्चा की गई।
स्टाफकी कमी के प्रस्ताव
मुख्यचिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी ने बताया कि जिले भर में 80 प्रतिशत चिकित्सक सहित मेडिकल स्टाफ की कमी है। जिला शिक्षा अधिकारी ने बताया कि अधिकांश स्कूलों में अध्यापकों की 50 फीसदी तक की कमी है। बैठक में नहरों को सुधारने, मरम्मत करने, भीम में ट्रोमा सेंटर में चिकित्सक नियुक्त करने एवं ब्लड बैंक चालू करने, स्कूलों में राष्ट्रीय माध्यमिक शिक्षा अभियान के माध्यम से अतिरिक्त कक्षा कक्ष एवं स्कूलों में मरम्मत कराने के भी निर्देश दिए।