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सरकारी स्कूलों में छात्र-छात्राओं की उपस्थिति कमजोर
एज्युकेशन रिपोर्टर| बीकानेर
जिलेकी सरकारी स्कूलों में छात्र-छात्राओं की शत-प्रतिशत उपस्थिति दर्ज नहीं हो पा रही है। नामांकन से आधे स्टूडेंट्स ही स्कूलों में रोजाना पढ़ने पहुंच रहे हैं।
यह खुलासा बुधवार को शुरू हुए ‘शिक्षा सम्बलन’ अभियान के दौरान हुआ। अभियान के पहले दिन शिक्षा अधिकारियों ने 61 स्कूलों का अवलोकन किया। अधिकांश स्कूलों में नामांकन तथा दर्ज नामांकन के मुकाबले बच्चों की उपस्थिति कमजोर पाई गई। वहीं अंग्रेजी-गणित विषय में छात्र-छात्राओं का शैक्षणिक स्तर कमजोर मिला।
जिला शिक्षा अधिकारी माध्यमिक कैलाशचंद्र तिवाड़ी ने गजनेर स्थित उच्च माध्यमिक स्कूल का अवलोकन किया। स्कूल में केवल 60 फीसदी बच्चे की उपस्थित पाए गए। जिला शिक्षा अधिकारी ने शिक्षकों को नामांकन वृद्धि और स्टूडेंट्स की शत-प्रतिशत उपस्थिति सुनिश्चित करवाने के निर्देश दिए। एसएसए के एडीपीसी जोरावर सिंह ने नोखा ब्लॉक के बालिका उप्रावि का अवलोकन किया। अवलोकन के दौरान छात्राएं गणित के सूत्र और नियम सही तरीके से नहीं बता पाई।
वहीं अंग्रेजी में भी छात्राओं का बौद्धिक स्तर कमजोर पाया गया। एडीपीसी ने शिक्षकों को अंग्रेजी और गणित पर फोकस रखने के निर्देश दिए। विदित रहे कि शिक्षा सम्बलन अभियान के दूसरे चरण में जिले की 140 स्कूलों का अवलोकन किया जाना है। गुरुवार को भी शिक्षा अधिकारी स्कूलों का अवलोकन करेंगे।