डिस्कॉम के लिए वरदान : एचएचटी मशीन
जिलेमें बिजली के मीटरों में रीडिंग में गड़बडी करने वालों को पकड़ने के लिए सरकार द्वारा डिस्काॅम को एचएचटी मशीन उपलब्ध करवाई। जिससे डिस्काॅम को होने वाला घाटा रूकने के साथ ही वरदान साबित हो रही है। यह मशीन मीटर के साथ छेड़छाड़ एवं स्क्रीन नहीं बताने तथा गलत रीडिंग को पकड़कर वास्तविक रिपोर्ट का प्रिंट देती है।
उल्लेखनीय है की इस एचएचटी मशीन की सही तरीके से मॉनिटरिंग हो तो जिले में बड़ी तादाद में बिजली चोरी का खुलासा हो सकता है। दूसरी ओर डिस्काॅम को अक्सर मीटर रीडर उपभोक्ताओं से मिलकर मीटर में उपभोग यूनिट कम दर्ज कराने की शिकायतें मिलती रहती है। जिसके चलते डिस्काॅम को राजस्व में भारी हानि हो रही है। साथ ही कई उपभोक्ता बिजली चोरी के लिए मीटरों की डिसप्ले खराब कर एवरेज बिल के नाम पर भारी मात्रा में बिजली का उपभोग कर रहे है। वे अब एचएचटी मशीन से नहीं बच सकेंगे।
ऐसेकरती है मशीन खुलासा
एचएचटीमशीन मीटर की तमाम गड़बडी का खुलासा करने के साथ समस्त जानकारी का प्रिंट देती है। डिस्पले नहीं दिखाने वाले मीटरों में कितनी यूनिट प्रति माह आई सहित तमाम जानकारी प्रिंट होकर बताती है। साथ ही मीटर में अगर छेड़छाड़ हुई तो उसकी चोरी भी सामने रही है। जिसके चलते डिस्काॅम को इस मशीन से फायदा मिल रहा है।
मीटररीडरों पर होगी कार्रवाई
डिस्काॅमने मीटर रीडिंग में गड़बडी कर उपभोक्ताओं को फायदा पहुंचाने एवं डिस्काॅम को राजस्व घाटा देने वाले मीटर रीडर के खिलाफ कानूनी करेगा। साथ ही बड़ी बिजली चोरी मिलने पर निलंबन की कार्रवाई भी हो सकती है। दूसरी ओर जिले में बिजली चोरी एवं घाटा रोकने के लिए गलत रीडिंग एवं बिना डिस्पले के मीटरों को बदला जा रहा है। साथ ही खराब डिस्पले वाले मीटरों की मशीन द्वारा जांच करवाकर वास्तविक रीडिंग ली जा रही है। साथ ही गलत रीडिंग की उपभोक्ताओं से रिकवरी की जाएगी।
^पोकरणडिस्काॅम के पास एचएचटी मशीन उपलब्ध है कई ऐसे मामले आए डिस्पले खराब मीटर से छेड़छाड़ जिन्हें मशीन से जांचा गया पूरी डिटेल का प्रिंट मिल जाता है। जिससे राजस्व बढ़ना डिस्काॅम के लिए फायदेमंद साबित हो रही है। साथ ही खराब मीटर बदलने बिजली चोरी रोकने के लिए निरीक्षण किया जा रहा है। ललितकुमार सोनी, एक्सईएन, डिस्काॅम पोकरण