एमड़ी स्कूल का प्रधानाचार्य गिरफ्तार
एडीईओ बना दिया था, भास्कर ने मामला उठाया तो हटाया था
शिक्षाविभाग में अपने खिलाफ चल रही जांच की पक्ष में रिपोर्ट तैयार कर जांच अधिकारियों के फर्जी हस्ताक्षर कर फर्जी दस्तावेज तैयार करने के मामले में एमड़ी स्कूल के प्रधानाचार्य को मंगलवार रात गिरफ्तार कर लिया। बुधवार को कोर्ट से उसे दो दिन के रिमांड पर भेज दिया गया। प्रधानाचार्य ने जिला कोष कार्यालय के वरिष्ठ लिपिक, जिला शिक्षा अधिकारी के वरिष्ठ लिपिक राजकीय सीनियर सैकंडरी स्कूल राजसमंद के कार्यवाहक प्रधानाचार्य के फर्जी हस्ताक्षर किए थे।
पुलिस के अनुसार कांकरोली में कालिंदी विहार निवासी राजकीय सीनियर सैकंडरी स्कूल एमड़ी के प्रधानाचार्य हंसराज गिरी गोस्वामी (52) पुत्र मगनीराम गोस्वामी को गिरफ्तार किया है। एएसआई शमशुद्दीन ने बताया कि आरोपी ने राजसमंद कोष कार्यालय के वरिष्ठ लिपिक अशोक कुमार संत, जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय के वरिष्ठ लिपिक अनिल कुमार पानेरी तथा राजकीय सीनियर सैकंडरी स्कूल राजसमंद के कार्यवाहक प्रधानाचार्य भंवरलाल श्रीमाली के फर्जी दस्तखत कर अपने पक्ष में जांच कर पत्र विभागीय निदेशालय माध्यमिक शिक्षा बीकानेर को भेज दिया था।
प्रिंसिपल गोस्वामी ने 23 मार्च 2010 से 12 अप्रैल 2010 तक बोर्ड के तीन हजार 660 विभाग से तीन हजार 141 का दोहरा भुगतान उठाकर गबन किया था। इसी माह में बोर्ड परीक्षा संदर्भ व्यक्ति के रुप में 259 रुपए 2 मार्च 2010 से 5 मार्च 2010 का टीए डीए का रामसा से एक हजार 132 रुपए का दोहरा भुगतान उठाया।
ऐसे पकड़ा आरोपी
नियमानुसारकोई भी पत्र विभाग के मार्फत भेजा जाता है। आरोपी ने पत्र सीधा बीकानेर भेज दिया। शिक्षा विभाग बीकानेर से पुन: लेटर भेजा कि पत्र विभाग के मार्फत आना चाहिए। तीनों जांच अधिकारियों के बुलाने पर आरोपी का फर्जी दस्तावेज तैयार करना पाया गया। पीपलांत्री के ग्रामीणों ने उसके खिलाफ लिखित में शिकायत की थी। गोस्वामी के खिलाफ कई मामलों में विभाग जांच भी लम्बित है। स्कूलों में गड़बड़ी पर राजनगर थाने में फर्जी हस्ताक्षर कूट रचित दस्तावेज करने जैसी धाराओं में केस दर्ज है।
ये मामले दर्ज थे
एएसआईने बताया कि आरोपी के खिलाफ डीईओ माध्यमिक शंकरलाल सनाढ्य ने 13 सितंबर को केस दर्ज कराया था। बोर्ड की परीक्षा के प्रश्न पत्र प्राप्त करने के लिए 21 मार्च 2011 को कहा, पर प्रधानाचार्य ने प