अलवर. थाना पुलिस ने शुक्रवार देर रात अलावड़ा गांव के जंगल में स्थित राशन डीलर के घर पर दबिश देकर दो सो कट्टा राशन का गेहूं बरामद किया है। अलावड़ा निवासी अमीचंद नामक राशन डीलर ने वितरण के लिए आए गेहूं को घर में छिपा कर रख लिया था।
उक्त गेहूं को रात में ही खुर्द-बुर्द करने की आशंका पर ग्रामीणों ने इसकी सूचना पुलिस को दे दी। पुलिस ने शुक्रवार रात 11 बजे दबिश देकर गेहूं को निगरानी में लेते हुए मौके पर मौजूद ट्रैक्टर को अपने साथ ले आई।
थाना प्रभारी वीरेंद्र सिंह के अनुसार राशन के गेहूं को रात में खुर्द-बुर्द करने की सूचना पर अलावड़ा गांव से दूर जंगल में स्थित राशन डीलर के घर पर छापा मारा गया। जहां दो सो कट्टे गेहूं को निगरानी में लेकर रसद विभाग को सूचना दी गई। पुलिस की सूचना पर राशन डीलर अमीचंद के घर पहुंची रसद टीम के प्रवर्तन निरीक्षक प्रशांत यादव बनवारी लाल शर्मा ने जांच शुरू कर डीलर का स्टॉक रजिस्टर आदि जब्त कर लिया है।
रसद अधिकारियों के अनुसार वितरक का स्टॉक रजिस्टर आदि अपूर्ण था। वहीं दूसरी तरफ जांच के दौरान राशन डीलर का बचाव करते नजर रही रसद टीम का कहना था कि राशन डीलर को दो माह का गेहूं वितरण के लिए दिया गया था।
गोदाम दुकान में जगह शेष नहीं रहने के चलते डीलर अमीचंद ने डीएसओ से मौखिक अनुमति लेकर गेहूं को गांव के जंगल में स्थित घर में रखवा दिया था। अधिकारियों की बातों से खफा ग्रामीणों के सब्र का बांध तब टूट गया जब दोपहर बाद अधिकारियों ने कस्बा बस स्टैंड स्थित दुकान गोदाम को जांच के लिए खोला गया।
ग्रामीणों ने दुकान गोदाम को लगभग खाली स्थिति में देख जांच पर आए निरीक्षकों की जांच पर प्रश्नचिन्ह लगा दिया। इस बीच जांच कार्रवाई देख रहे नंगली अलावड़ा के उपभोक्ताओं ने मौके पर ही लिखित शिकायत देकर राशन डीलर पर गंभीर आरोप लगाए डीलर का अनुज्ञा पत्र निरस्त करने की मांग की।
ग्रामीण बाबूलाल, अमरचन्द, सरदार सैनी, रोशन, अनिल सहित दो दर्जन से अधिक ग्रामीणों का आरोप था कि उक्त राशन डीलर बीपीएल श्रेणी के उपभोक्ताओं को राशन देने में आनाकानी करता है राशन को दुकान पर नहीं लाकर इसी तरह खुर्द-बुर्द करता आया है।
सूचना पर पुलिस की निगरानी में आये गेहूं के दो सो कट्टों को डीलर अमीचन्द के ही सुपुर्द कर दिया है। जिसे वह वितरित नहीं करेगा।