ट्यूबवैल का पानी पीने से भेड़ें मरी
सालासरथाने में गुरुवार को एक ट्यूबवैल से पानी पीने के बाद 46 भेड़ें के मरने का मामला दर्ज हुआ।
जानकारी के अनुसार रुघनाथ पुत्र सांवताराम गुर्जर निवासी लिचाणा, कुचामन ने रिपोर्ट दी कि वह भेड़ों का रेवड़ चराने का काम करता है। उसके साथ सांवताराम, महावीर झंडूराम की करीब 250 भेड़ें बकरियां है। 10 फरवरी को दोपहर गांव चारियां के एक ट्यूबवैल से उसने अपनी भेड़ों को पानी पिलाया था। उसके बाद शाम को करीब पांच बजे खूड़ी की रोही में रेवड़ की 46 भेड़ें मर गई। पशुपालन विभाग के संयुक्त निदेशक के आदेश के बाद पशु चिकित्सक डाॅ. गोविंद कारगवाल डाॅ. सुनील मांडिया ने पटवारी मोहनलाल की उपस्थिति में भेड़ों का पोस्टमार्टम किया। डाॅ. कारगवाल ने बताया कि प्राथमिक तौर पर ट्यूबवैल का पानी काफी दिनों से पड़ा रहने के कारण उसमें नाइट्रेट एवं नाइट्राइड की मात्रा अधिक होने से भेड़ों के मरने की आशंका लगती है।