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नर्मदा के ओवरफ्लो पानी से 12 गांवों का सांचौर से संपर्क कटा

7 वर्ष पहले
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नेहड़क्षेत्र में नर्मदा नहर के ओवरफ्लो पानी से भराव क्षेत्र में आने वाले साकरिया बांध के लबालब हो जाने से इस क्षेत्र के लोग मुश्किल में हैं। वहीं किसानों के सैकड़ों हैक्टेयर खेत भी पानी में डूब चुके हैं। जिससे किसान खेती नहीं कर पा रहे वहीं दूसरी ओर बांध के पार पानी के नेचूरल फ्लो में पानी नहीं छोड़ने से बड़ी संख्या में किसानों को सिंचाई के साथ पीने के लिए भी पानी नसीब नहीं हो पा रहा है। सांचौर से जुड़ने वाले दर्जनों गांव ओवरफ्लो पानी छोड़ने से कच्चे बांधो के लबालब भरे होने के कारण इन गांवों से आवागमन का रास्ता बंद हो चुका है। ऐसे में पानी से भरे रास्ते से जाने के लिए ग्रामीणों को जान जोखिम में डालकर रास्ता तय करना पड़ रहा है। प्रशासन को इसकी जानकारी होने के बावजूद समस्या का समाधान नहीं किया जा रहा। वहीं समस्या को लेकर किसी अधिकारी ने इस क्षेत्र का दौरा नहीं किया है जिससे ग्रामीण अपने हाल पर आंसू बहा रहे हैं।

इनगांवों का कटा है संपर्क

नेहड़क्षेत्र के साकरिया, आकोडिय़ा, हाजीपुर, खेजडिय़ाली, कुकडिय़ा, रिड़का, चामुंडानगर, शिवगढ, मिठाकागला, पीपराला, कोलिया की ढाणी, रेबारियो की ढाणी सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण क्षेत्रो के लोगों का संपर्क उपखंड मुख्यालय से कटा हुआ है।

प्रशासन के दावों से हटकर विपरीत है हालात

नर्मदाओवरफ्लो पानी के फैले होने बांधो के लबालब भरे होने से सैकड़ो हैक्टेयर में खेत डूबे होने के बावजूद स्थानीय प्रशासन लबालब भरे पानी को नदी बहाव क्षेत्र में छोड़ने की बात कह उच्चाधिकारियों को गुमराह करा रहे हैं। साकरिया बांध के लबालब भरा होने से ग्रामीणों का सांचौर चितलवाना मुख्यालय से सप्ताह भर से संपर्क कटा हुआ है, मगर स्थानीय प्रशासन की ओर से किसी तरह के प्रयास नहीं किए जा रहे हैं।

केरिया क्रॉस बांध टूटने पर किए थे पानी छोड़ने के आदेश

पूर्वमें केरिया क्रोस बांध टूटने पर जल संसाधान विभाग के मुख्य सचिव अजिताभ शर्मा ने ओवरफ्लो पानी को लेकर अधिकारियों से राय ली थी। अधिकारियों जनप्रतिधियों की राय के बाद नेचूरल फ्लो का पानी बहाव क्षेत्र में छोड़ने पर सहमति जताई थी। जिससे नेचूरल फ्लो का पानी बहाव क्षेत्र में निरंतर बहने से किसानों को भी कोई नुकसान नहीं हो तथा खेती के लिए उपयोगी हैक्टेयर में किसान आसानी से खेती कर सके तथा किसान इसे पीने के लिये भी उपयोग में