फर्जी परीक्षार्थियों के गिरोह का भंडाफोड़
पटवार भर्ती परीक्षा के चलते सवाई माधोपुर में शनिवार को फर्जी परीक्षार्थियों का एक रैकेट पकड़ा गया है। अभी इस रैकेट का एक ही सदस्य पुलिस गिरफ्त में आया है। इस रैकेट में शामिल और लोगों को भी पकड़ने के लिए पुलिस द्वारा प्रयास तेज कर दिए गए हैं। इस रैकेट के सदस्य दूसरे परीक्षार्थियों से मोटी रकम लेकर उनके स्थान पर पटवारी की परीक्षा दे रहे थे। यह मामला जिला मुख्यालय स्थित निजी स्कूल के परीक्षा केन्द्र पर केन्द्राधीक्षक एवं परीवीक्षक की सतर्कता के कारण उजागर हुआ।
एडीएम बलदेव सिंह हाडा ने बताया कि बाल मंदिर कोलोनी स्थित ब्राइटसन पब्लिक स्कूल के परीक्षा केन्द्र पर रोल नंबर 201867 पर गणेश लाल माली नामक परीक्षार्थी पंजीकृत था। परीक्षा के वीक्षक द्वारा उक्त परीक्षार्थी के हस्ताक्षर, फोटो एवं हावभाव संदेहास्पद होने पर केन्द्राधीक्षक को जानकारी दी तथा मामले की जांच करने पर गणेश लाल माली के स्थान पर बिहार के पटना निवासी उत्तम कुमार को परीक्षा देते हुए पाया। केन्द्राधीक्षक अर्पना ठाकुर एवं प्रशासन ने इस संबंध में मानटाउन थाना पुलिस को सूचित किया।
पुलिसमौके पर पहुंची
सूचनापर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक दशरथसिंह और सीओ सिटी सुभाष मिश्रा मौके पर पहुंचे और फर्जी परीक्षार्थी को तुरंत दबोच लिया। इसे गिरफ्त में लेने के बाद पैसे देकर उसे परीक्षा के लिए बिठाने वाले मूल अभ्यर्थी गणेशलाल माली का इंतजार करने लगे। इस दौरान पुलिस के जवान एवं अधिकारी सादा वर्दी में उसके पास खड़े रहे।
पेपर लेने पहुंचा गणेश माली
पुलिससे मिली जानकारी के अनुसार परीक्षा समाप्त होने के कुछ देर बाद ही मूल परीक्षार्थी गणेश माली, जो मूल रूप से टोंक का रहने वाला था, वहां पेपर लेने पहुंचा। उसके आते ही पुलिस ने उसे भी दबोच लिया। बाद में थाने पर लाकर पूछताछ करने पर पता चला की यह पूरा रैकेट इस परीक्षा में काम कर रहा है। इस परीक्षा को देने के लिए बिहार से इस गिरोह के कई सदस्य यहां आए हैं और मूल परीक्षार्थियों के स्थान पर परीक्षा दी है। पुलिस ने बाद में दोनों को पकड़कर रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड एवं दूसरे स्थानों पर भी गिरोह के लोगों को पकड़ने के लिए तलाशी अभियान चलाया, लेकिन कोई भी अभी तक पकड़ में नहीं आया।
नियुक्तिकी गांरटी देते हैं
पुलिसने बताया कि पकड़े गए युवक के अनुसार यह गिरोह राजस्थान एवं अन्य राज्यों में आयोजित होने वाली विभिन्न भर्ती परीक्षाओं में पैसे लेकर दूसरों के स्थान पर परीक्षा देते हैं। इसके लिए इस गिरोह में गणित, अंग्रेजी, हिंदी एवं सामान्य ज्ञान के अंदर अच्छी महारत रखने वाले युवकों को शामिल कर रखा है। अभी इस बात का खुलासा नहीं हुआ है कि इस गिरोह में कितने लोग शामिल हैं एवं कब-कब कहां-कहां कितनी परीक्षाएं दे चुके हैं। अभी पुलिस द्वारा इस बात का खुलासा नहीं किया गया है कि इस गिरोह में कितने लोग शामिल हैं एवं इस परीक्षा में सवाई माधोपुर के अलावा कहां-कहां इनके द्वारा परीक्षाएं दी गई हैं।
पुलिसने की बरामदगी: गिरफ्तारयुवक से पुलिस ने फर्जी प्रवेश-पत्र, फर्जी अंक तालिका, मूल प्रवेश-पत्र सहित अन्य कई दस्तावेज बरामद किए हैं। इनके द्वारा चयन एवं नियुक्ति की गारंटी भी ली जाती है।
सवालियानिशान
अबतक जो काम बिहार एवं उत्तरप्रदेश के आसपास के इलाकों में हो रहा था उस काम को करने के लिए राजस्थान में भी यह गिरोह अपनी जड़े जमा रहा है। इस गिरोह का भंडाफोड़ होने के साथ ही परीक्षा की पारदर्शिता एवं विश्वसनीयता के साथ मेहनत करने वाले अभ्यार्थियों के भविष्य के लिए भी चिंता की बात है।
सवाई माधोपुर. पुलिसकी गिरफ्त में फर्जी परीक्षार्थी उत्तम कुमार। (सफेद शर्ट में)।