21 बजरी प्लांट तोड़े, सामान जब्त
कम लागत में कमाते हैं मोटा पैसा
क्षेत्रमें पिछले 10 साल से बजरी फिल्टर करने का अवैध धंधा जारी है। बजरी फिल्टर प्लांट का पूरा ढांचा करीब दो लाख रुपए में तैयार हो जाता है। प्लांट में मुख्यतया बिजली की मोटर या डीजल इंजन, एक जाली तथा पानी का प्रबंध करना होता है। इस धंधे से जुड़े लोग नदी के सहारे किसानों की जमीन को वार्षिक किराए पर लेकर बजरी के प्लांट लगाते हैं। एक फिल्टर प्लांट रोजाना तीस से चालीस हजार रुपए की बजरी फिल्टर करता है। बताया जाता है कि फिल्टर की हुई बजरी आम बजरी से चार गुणा ज्यादा दामों पर बिकती है। इस बजरी का उपयोग शहरों के मेगा प्रोजेक्ट, मेट्रो आदि के लिए बनने वाले पुलों मे होता है। आम बजरी में मिट्टी की मात्रा अधिक होती है। फिल्टर बजरी दानेदार होती है। कम लागत में अधिक पैसा मिलने के कारण इस धंधे से जुड़े लोग पुलिस प्रशासन की कार्रवाई की परवाह किए बिना बार-बार प्लांट लगा लेते हैं।
खेतड़ी. अवैधबजरी फिल्टर प्लांट को तोड़ती जेसीबी तथा मौजूद पुलिस जाब्ता।
21 मामले, 14 को दबोचा
झुंझुनूं| खननमाफियाओं के खिलाफ चलाए गए अभियान में बुधवार को 21 प्रकरण दर्ज किए गए। खेतड़ी के बसई, निहालोठ, सिहोड़, गोरीर ढोसी एरिया में यह कार्रवाई की गई। एसपी एसके गुप्ता ने बताया कि कार्यवाही के दौरान अवैध गतिविधियों में लिप्त 14 लोगों को हिरासत में लिया गया है। उन्होंने बताया कि मौके से आठ डंपर, दो जेसीबी, एक बस तथा एक ट्रैक्टर को संदिग्ध मानते हुए जब्त किया गया। बकौल एसपी, अवैध रूप से संचालित प्लांटों की फोटोग्राफी विडियोग्राफी भी कराई गई है।
कार्रवाईमें ये शामिल
टीममें एसडीएम राजेश कुमार नायक, बुहाना डीएसपी सुरेश सांवरिया, तहसीलदार राजवीरसिंह यादव, खनिज विभाग के एमई रमेशचंद्र, माइनिंग विभाग के विजिलेंस अधिकारी अरुण पांडे, सूरजगढ़ एसएचओ रामजीलाल, बुहाना एचएसओ महेंद्रसिंह, सिंघाना एसएचओ राममनोहर सहित पुलिस और आरएसी का जाब्ता मौजूद था।
भास्कर न्यूज | खेतड़ी
प्रशासनने बुधवार को दोहान नदी के मुहाने पर अवैध बजरी फिल्टर प्लांट तोड़े। कलेक्टर एसएस सोहता तथा एसपी सुरेंद्र कुमार गुप्ता के नेतृत्व में टीम ने गौरीर, दूधवा, बेसरड़ा, बसई, सिहोड़, जमालपुर आदि गांवों में अवैध रूप से लगे बजरी फिल्टर प्लांटों पर जेसीबी चला दी और सामान जब्त कर लिया। प्रशासन की कार्रवाई पर इस धंधे से जुड़