पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें
  • Hindi News
  • पार्किंग के अभाव में रोज लगता है जाम

पार्किंग के अभाव में रोज लगता है जाम

7 वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक
सोजत सिटी में बिगड़ी यातायात व्यवस्था

व्यवसायकी दृष्टि से बसे हुए शिवगंज शहर की यातायात व्यवस्था सुधरने के बजाय बिगड़ती ही जा रही है। इसकी प्रमुख वजह शहर के बाजार में वाहनों की संख्या लगातार बढ़ने के साथ पार्किंग स्थल नहीं होना है। व्यापारियों ही नहीं बल्कि,बाहर से आने वाले सभी नागरिकों के दुपहियां वाहनों को सड़कों पर ही खड़े किए जाते है। ऐसे में सड़कों पर कई बार तो पैदल चलना भी मुश्किल होता है। यातायात व्यवस्था में सुधार करवाने की मांग को लेकर पुलिस थाने में आयोजित होने वाली सीएलजी ग्रुप की बैठकों में भी कहीं बार आवाज उठाई गई। लेकिन इस पर अभी तक कोई प्रभावी रूप से कार्रवाई नहीं हो पाने के कारण लगातार बाजार की सड़कों पर यातायात की व्यवस्था बिगड़ती जा रही है।

सड़कसार्वजनिक, फिर भी किराया

यातायातमें सुधार के प्रयास सफल नहीं होने की वजह यह है कि कई स्थानों पर सड़क के बीच ही हाथलारियां लगा दी जाती है एवं सड़कों पर जिन व्यापारियों के प्रतिष्ठान आए हुए है और उनके पिछे या फिर आगे की ओर खड़े रहने वाले ठेलों हाथलारियों के मालिकों से किराया के रूप में राशि वसूल की जा रही है। जबकि वे सार्वजनिक सड़क पर खड़े रहते है। सड़कों के बीच ही फुटकर विक्रेता भी अपना सामान लेकर बिक्री के लिए बैठने एवं हाथलारी, टेबल लगा देने से सड़क संकरी हो गई है। यही नहीं, कई जगह तो प्रतिष्ठानों के बाहर सड़क पर फुटकर विक्रेताओं को बिठाकर उनसे भी किराया लिया जा रहा है।

सोजत. कचहरी परिसर के बाहर बेतरतीब खड़ी की गई बाइक।

शिवगंज. बाजार में बेतरतीब पार्किंग से आवागमन में परेशानी हो रही है।

यहां पर सुधार की है आवश्यकता

शहरकी ह्दय स्थली गोल बिल्ंिडग,अग्रसेन मार्ग, धानमंडी, सब्जी मंडी, नया बस स्टैंड,राजकीय चिकित्सालय के सामने कॉलेज रोड़, हलवाई बाजार, आरके कॉम्पलेक्स, कुबेर मार्केट होली चौक बाजार आदि सड़कों की स्थिति काफी दयनीय बनी हुई है। फुटकर सामान बेचने वाले कई व्यक्तियों ने सड़कों पर ही बिक्री के लिए सामान रख कर पिछले लंबे समय से अपना स्थाई डेरा जमा लिया है। जिससे कई जगह तो सड़कें भी काफी संकरी हो गई है। इन स्थानों पर बिगड़ी यातायात व्यवस्था में सुधार के लिए तो नगर पालिका प्रशासन की ओर कोई प्रयास किए जा रहे है और नहीं पुलिस इस बारे में कोई सुध ले रही है।

सीएलजीके प्रस्ताव भी ठंडे बस्ते मे