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नवोदय चयन के लिए 794 छात्र-छात्रा ने दी परीक्षा
जवाहर नवोदय विद्यालय में चयन के लिए शनिवार को आयोजित परीक्षा के लिए बनाए गए दो सेंटरों में 494 छात्र-छात्राएं परीक्षा में बैठे। उच्च माध्यमिक विद्यालय में 563 बालकों को परीक्षा के लिए बनाए गए सेंटर में 29 बालक तथा बालिका उच्च माध्यमिक विद्यालय में 305 में से 44 के अनुपस्थित रहने से 261 बालक परीक्षा में बैठे।
जवाहर नवोदय विद्यालय में चयन के लिए शनिवार को परीक्षा आयोजित हुई जिसमें कस्बे के उच्च माध्यमिक विद्यालय बालिका उच्च माध्यिमक विद्यालय को परीक्षा सेंटर बनाया गया था।
उच्च माध्यमिक विद्यालय में 563 बालकों को तथा बालिका उच्च माध्यमिक विद्यालय में 305 छात्र-छात्राओं को परीक्षा में बैठना था लेकिन इन दोनो सेंटरों पर 65 परीक्षार्थी अनुपस्थित रहने से 794 छात्र-छात्राएं परीक्षा में बैठे। परीक्षा के दौरान प्रधानाचार्य लखनलाल मीणा राजंती मीणा व्यवस्थाओं में जुटे रहे। परीक्षा शुरू होने के साथ ही विद्यालय के सामने बच्चों को परीक्षा दिलाने के लिए आए अभिभावकों का भारी जमावड़ा हो गया जिस पर पुलिसकर्मियों ने उन्हंे विद्यालय गेट से खदेडा।
हिंडौनसिटी| जटनंगलाके जवाहर नवोदय स्कूल में कक्षा 6 में प्रवेश के लिए शनिवार को शहर के तीन परीक्षा केन्द्रों पर नवोदय चयन परीक्षा आयोजित की गई।
जवाहर नवोदय स्कूल के प्राचार्य एसआर मीना ने बताया कि नवोदय चयन परीक्षा के लिए हिंडौन में तीन परीक्षा केन्द्र बनाए गए थे। इनमें मोहननगर के राजकीय बालिका उच्च माध्यमिक स्कूल में 269, राजकीय उच्च माध्यमिक स्कूल में 544 तथा गौशाला के पास राजकीय बालिका उच्च माध्यमिक स्कूल के परीक्षा केन्द्र पर 272 विद्यार्थी पंजीकृत किए गए थे। इनमें राजकीय उच्च माध्यमिक स्कूल में 34 तथा गौशाला के राजकीय बालिका सीनियर स्कूल में 11 विद्यार्थी अनुपस्थित रहे। राजकीय उच्च माध्यमिक स्कूल में विजय सिंह मीना को नवोदय स्कूल की ओर से पर्यवेक्षक लगाया गया। इसके अलावा डीएसपी शिवभगवान गोदारा, तहसीलदार ज्ञानचंद जैमन, एएसआई विजय सिंह छोंकर आदि ने परीक्षा केन्द्रों का निरीक्षण किया।
सत्संगमें नैतिक श्रद्धालुओं पर व्याख्यान
करौली| कालाखानागांव में आयाेजित सत्संग समारोह में कई वक्ताओं ने धर्म, नीति, भक्ति एवं नैतिक पहलुओं पर अपने-अपने व्याख्यान दिए।
ठेकेदार हरिचरण मीणा ने बताया कि ग्रामीणों के सहयोग से सत्संग में मीराबाई ने भजनों के माध्यम से नारी शाक्ति पति धर्म सेवा के बारे में जानकारी दी। संत मनोहरदास (हुड़ला) ने मानव देही पर साध्वी बुद्धोवाई ने त्याग और संगम पर प्रवचन दिए। प्राचार्य सियाराम मीणा ने दुर्व्यसन मुक्ति, सामाजिक बुराइयों के बारे में ग्रामीणों को बताया।