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पेंशन से वंचित ग्रामीण लगा रहे हैं चक्कर
उपखंडकी ग्राम पंचायत कुढ़ावल के दर्जनों ग्रामीणों को अधिकारियों की मनमर्जी के चलते सरकार द्वारा दी जाने वाली पेंशन सुविधा का लाभ नहीं मिल पा रहा है। इन ग्रामीणों ने पंचायत मुख्यालयों पर आयोजित शिविरों पंचायत समिति के माध्यम से पेंशन के लिए दो वर्ष पूर्व आवेदन किया था लेकिन उनकी पेंशन अभी तक बनकर नहीं आई। ये ग्रामीण बार-बार कार्यालयों के चक्कर लगाते है लेकिन अधिकारियों द्वारा उन्हें कोई संतुष्ट पूर्व जवाब नहीं दिए जाने से लोगों में आक्रोश है।
पंचायत सरपंच सुषमादेवी ने बताया कि ग्राम पंचायत क्षेत्र के दो दर्जन से अधिक ग्रामीणों ने पंचायत मुख्यालय पर आयोजित प्रशासन गांवों के संग अभियान, एसडीओ कार्यालय पर लगे शिविर तथा ग्राम पंचायत के माध्यम से वृद्धावस्था पेंशन के लिए आवेदन किया था, लेकिन अधिकारियों की मनमर्जी के चलते इन ग्रामीणों को पेंशन सुविधाओं से वंचित रहना पड़ रहा है। पेंशन शुरू होने की जानकारी के लिए ये ग्रामीण बार-बार पंचायत समिति, एसडीओ तथा उपकोष अधिकारी कार्यालय के चक्कर लगा रहे है लेकिन अधिकारियों द्वारा पेंशन सुविधा के लाभ से वंचित इन ग्रामीणों को अधिकारी बिना कोई जानकारी दिए कार्यालयों से टरका देते है। सरपंच ने बताया कि इस संबंध में कई बार उच्च अधिकारियों को भी अवगत कराया जा चुका है लेकिन इस ओर कोई ध्यान नहीं दिए जाने से ग्रामीणों में आक्रोश है।
नहींमिल पा रहा है लाभ
ग्रामपंचायत कुढ़ावल के वृद्धावस्था पेंशन के गांव कुढ़ावल के तुलसी पुत्र बद्री गुर्जर, लड्डो देवी प|ी तुलसी गुर्जर, स्वरूप बाई प|ी भौरसिंह, बहादुर सिंह पुत्र गंगासिंह, गांव नांगल सुल्तानपुर के शंकरलाल पुत्र बीरबल, पत्तीदेवी प|ी शंकरलाल, कंपूरी प|ी बसंता, समय सिंह पुत्र गुर्जर मल, गांव मोहनपुर के रामबख्श पुत्र गोकुल जाटव, सावडीदेवी, रामसुखा मीणा सहित ग्राम पंचायत क्षेत्र के दो दर्जन से अधिक ऐसे वृद्ध है जो पेंशन के लिए दो वर्षों से कार्यालय में चक्कर लगा रहे है। पंचायत सचिव हरबल मीणा ने बताया कि हमें जो भी आवेदन प्राप्त हुए है उन्हें पंचायत समिति में जमा करा दिया गया है। इस संबंध में वहीं से पता किया जा सकता है।
जांच करवाई जाएगी
एसडीओराधेश्याम डैलू ने बताया कि दो वर्ष पूर्व आवेदन करने के बावजूद पेंशन स्वीकृत नहीं होना संभव नहीं है फिर भी अगर ऐसा है तो मामले की जांच कराई जा