चुंगी की तरह टोल वसूली भी हो समाप्त
राजस्थानविधानसभा के पूर्व उपाध्यक्ष रामनारायण मीणा ने कहा कि चुंगी की तरह टोल वसूली भी समाप्त होना चाहिए। इसके लिए वह सामूहिक निर्णय कर आंदोलन किए जाने को भी तैयार है।
साथ ही केंद्र राज्य सरकार को निष्क्रिय बताया। मीणा शनिवार को सिंहल साहब के गार्डन में मीडिया से रूबरू हो रहे थे। उन्होंने कहा कि टोल वसूली हालांकि वैधानिक है, लेकिन इससे काफी परेशानियां सामने रही है। इसको देखते हुए सामूहिक निर्णय कर इस पर विचार किए जाने की जरूरत है। जिस तरह चुंगी को समाप्त किया गया।
उसी तरह इसको भी समाप्त किया जा सकता है। इसकी जगह विकास के लिए कहीं ओर टैक्स लगाकर समाधान किया जा सकता है। मीणा ने ईसुजु गारमेंट फैक्टरी को चालू कराए जाने पर जोर देते हुए कहा कि जिले में उद्योग आते हैं और बंद हो जाते हैं। इसको गंभीरता से लिए जाने की जरूरत है। इसपर सरकार सहित जनप्रतिनिधियों को गंभीर होना पड़ेगा। ईसुजु गारमेंट फैक्टरी बेचे जाने की स्थित उचित नहीं है। इसपर सरकार को तुरंत कदम उठाने चाहिए। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार ने जिले में उद्योग विकास का जो धरातल तैयार किया है। जिससे जिला अब पिछड़ा नहीं रहेगा। कई उद्योगों के लिए पानी की जरूरत होती है।
उसके लिए गत कांग्रेस सरकार ने भरपूर काम किया, जो नजर रहा है। उन्होंने टोंक में उद्योग विकास एवं आगामी वर्षों में चावल आदि की खेती के लिए भी जिले को अनुकुल बताया। ईसरदा बांध बनने के बाद कई जिलों को पानी मिल सकेगा। साथ ही टोंक में पानी की कोई कमी नहीं रहेगी। मीणा ने कहा कि केंद्र राज्य सरकार काम करने में अब तक निष्क्रिय ही बनी हुई है।
रेल से टोंक को जोड़ने के लिए गत सरकार ने कार्य किए, वो अब भी इसके लिए संघर्ष जारी रखेंगे तथा इस संबंध में प्रधानमंत्री से भी मिलेंगे। बजरी के मामले में मीणा ने कहा कि जनता में ये धारणा बनी हुई है कि बजरी खनन को लेकर बजरी माफिया सरकार में मिली भगत है। इसलिए नुकसान के बावजूद भी समस्या का समाधान नहीं हो रहा है। बजरी को लेकर स्पष्ट नीति हो तथा न्यायालय की अवहेलना नहीं हो।
रामनारायण मीणा
बीसलपुर बांध की भराव क्षमता बढ़ाई जाए
विधानसभाके पूर्व उपाध्यक्ष रामनारायण मीणा ने अपनी बातचीत में कहा कि बीसलपुर बांध की भराव क्षमता बढ़ाई जाए। साथ ही उन्होंने कहा कि बीसलपुर बांध में हमेशा पानी रहे इसके लिए उसमें ब्राह्मणी नदी का