रोशनी के इंतजार में कई घर
मवासीपुरा में एक माह से बिजली गुल
ग्रामपंचायत बनवाड़ा की गुर्जरों की ढाणी के 10 परिवारों तथा ग्राम पंचायत सोहेला की सरदारपुरा ढाणी के 2 परिवारों को चार साल से बिजली का इंतजार है। बनवाड़ा की गुर्जर ढाणी के गोपाल, कजोड़, मोरपाल, रोडू, हरिनारायण गुर्जर ने बताया कि उनके गांव में 10 परिवारों ने तीन साल पहले बिजली कनेक्शन के लिए आवेदन किया था। जिनकी रसीद भी उनके पास है। उनकी ढाणी में बिजली नहीं आने से रात अंधेरे में गुजारते है, वहीं बच्चों को चिमनी, लालटेन में ही पढऩा पड़ता है। विभाग के चक्कर लगाते लगाते हार चुके है। इस संबंध में चुनाव जीतने के बाद पहली बार आए विधायक हीरालाल रेगर से भी ढाणी के लोगों ने इस समस्या से अवगत करवाया था, लेकिन उन्होंने भी ढाणी के लोगों की समस्या के निस्तारण में कोई रूचि नहीं ली।
लोगएलटी लाइन का खर्चा करे
इससंबंध में बिजली निगम टोंक ग्रामीण सहायक अभियंता रतिराम मीणा ने बताया कि यह ढाणी मुख्यमंत्री विद्युतीकृत योजना में शामिल नहीं है। साथ ही ढाणी तक एलटी लाइन भी नहीं है। इसके चलते इनकी कनेक्शन फाइल रद्द कर दी गई है। यदि ढाणी के वाशिंदे एलटी लाइन डलवाने का खर्चा उठवाते है, तो उन्हें बिजली कनेक्शन उपलब्ध करवा दिया जाएगा।
मीटर-केबलदी, कनेक्शन नहीं
सरदारपुराढाणी की काली देवी बैरवा एवं मनभर देवी बैरवा ने बताया कि उन्होंने 2 नवम्बर 2010 को बिजली विभाग में राजीव गांधी विद्युतीकरण योजना के तहत डिमांड राशि जमा करवाई थी। इसके बाद विभाग ने उन्हें बिजली का मीटर केबल भी उपलब्ध कराई। लेकिन चार साल बीत जाने के बाद भी उन्हें बिजली कनेक्शन से नहीं जोड़ा गया है। जबकि यह ढाणी राजीव गांधी विद्युतीकरण योजना में शामिल है और इस योजना के तहत प्रत्येक आवेदक को मार्च 2011 से पहले बिजली कनेक्शन उपलब्ध करवाने के सरकार के आदेश थे। विभागीय लापरवाही के चलते दोनों महिलाएं अपने घरों के रोशन होने का इंतजार ही कर रही है। इन महिलाओं ने बताया कि इस बार भी बिजली कनेक्शन की सुविधा नहीं मिली तो उनका परिवार अंधेरे में दीपावली का त्योहार मनाएगा।
मामलाजानकारी में नहीं
इससंबंध में कनिष्ठ अभियंता संदीप कुमार ने बताया कि 2010 का मामला है जो उनकी जानकारी में नहीं है। फरियादी उनसे संपर्क करता है तो पता कर नियमानुसार बिजली कनेक्शन चालू करवाया जाएगा।
रसीदकटवाई अब चक्कर लगा