(नानी बाई रो मायरा की कथा में उपस्थित श्रद्धालु।)
पाली। लाखोटिया सिरे घाट विकास समिति और महिला मंडल के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित नानी बाई को मायरो कथा में शनिवार को कथावाचक ने भगवान नारायण के आशीर्वाद से नरसी द्वारा भरे गए मायरे को विस्तार से बताया। कथावाचक संत रामेश्वर दास महाराज ने बताया कि नरसी भक्त जब नानी के द्वार पहुंचे तो नानी बाई ने तिलक लगाकर उनका स्वागत किया तथा नानीबाई के सास-ससुर ने विश्राम के लिए टूटी हुई झोपड़ी में व्यवस्था कर दी।
कथावाचक ने बताया कि नरसी की भक्ति के चलते ही भगवान ने नानी बाई का 56 करोड़ का मायरा भरा। स्वयं राधा, रूकमणि और भगवान उनके मायरे में आए। कथा स्थल पर नरसी भक्त और नानी बाई की झांकी सजाई गई। इस अवसर पर शंकर , शांतिलाल मंडोरा, विनोद, रामस्वरूप अग्रवाल, श्याम अग्रवाल, हरीश गौड़, हस्तीमल अरोड़ा, राजुलाल परिहार, उषा लाखोटिया, सूरज देवी, निर्मला
सोनी, राजेश्वरी
सोनी सहित कई लोग उपस्थित थे।
श्रीरामबाल लीला चरित्र कथा आयोजन आज : रविवार को स्वर्णकार भवन में दोपहर दो बजे से संत मनोहर दास महाराज द्वारा श्री राम बाल लीला चरित्र कथा वाचन किया जाएगा।