तप महिमा का किया बखान
पाली. रघुनाथस्मृति भवन में सोमवार को प्रवचन करते हुए साध्वी राजमती मसा ने कहा कि तप जीवन का आधार है। साथ ही उन्होंने कहा कि तप शक्ति और भक्ति का त्यौहार है। तप समता ममता का अदभुत आभूषण है। तप जैन धर्म का प्राण है तप से आत्मा शुद्ध, पवित्र और उज्ज्वल बनती है। साध्वी राजरश्मि मसा ने कहा कि उपवास की तपस्या सुख सातापूर्वक चल रही है। इस माैके पर संघ अध्यक्ष धनराज कांठेड, रतनलाल लसोड़, शांतिलाल ललवानी, ताराचंद जैन सज्जनराज गुलेच्छा सहित अनेक श्रद्धालु उपस्थित थे।