- Hindi News
- National
- पटवारी परीक्षा देने वालों के लिए आगे आए समाज, रुकने नाश्ते का प्रबंध करेंगे
पटवारी परीक्षा देने वालों के लिए आगे आए समाज, रुकने नाश्ते का प्रबंध करेंगे
अभ्यर्थियों और उनके परिजनों के लिए करेंगे रुकने की व्यवस्था
भास्करसंवाददात | पाली
शहरमें शनिवार को 34 केंद्रों पर पटवारी परीक्षा का आयोजन किया जा रहा है। इस दिन 11 हजार 448 अभ्यर्थी परीक्षा देने के लिए शहर में आएंगे। इस दौरान अभ्यर्थियों को कोई परेशानी हो इसके लिए शहर के कई सामाजिक संगठन आगे आए है। जिसके तहत अभ्यर्थियों और उनके साथ आने वाले परिजनों के लिए रूकने की व्यवस्था कराई जाएगी। जानकारी के अनुसार हाल में वन विभाग की ओर से वनरक्षक और वनपाल परीक्षा के दौरान सामने आई अनियमितताओं के बाद शहर के पुष्करणा, जांगिड़, खटीक, राजपूत और गोस्वामी समाज के लोगों ने पहल करते हुए शहर में पटवारी परीक्षा देने आने वाले अभ्यर्थियों के लिए ठहरने की व्यवस्था की गई है। इन समाज के लोगों ने यह व्यवस्था इनके समाज भवन में की गई है। साथ ही अभ्यर्थियों के अलावा उनके परिजनों के ठहरने की व्यवस्था की भी जिम्मेदारी इन तीनों समाज के लोगों ने ली है।
गोस्वामी समाज
समाजके ललित पुरी ने बताया कि समाज अभ्यर्थियों के लिए रूकने की व्यवस्था समाज भवन में की गई है। अभ्यर्थियों और परिजनों के ठहरने की व्यवस्था की जाएगी।
खटीक समाज
समाजअध्यक्ष अंबालाल जी वागोरिया ने बताया कि सभी समाज के अभ्यर्थियों के लिए रूकने की व्यवस्था मंडिया रोड स्थित बने समाज के बाबा रामदेव मंदिर में की गई है। चाय-नाश्ते की व्यवस्था भी होगी।
जांगिड़ समाज
समाजअध्यक्ष ढलाराम जांगिड़ ने बताया कि समाज के अभ्यर्थियों के लिए ठहरने की व्यवस्था वीर दुर्गादास नगर स्थित श्री विश्वकर्मा जांगिड़ समाज भवन, नेशनल पार्क में की गई है।
पुष्करणा समाज
समाजअध्यक्ष अमर नारायण कल्ला ने बताया कि सभी ब्राह्मण समाज के अभ्यर्थियों के ठहरने की व्यवस्था भैरू घाट स्थित पुष्करणा समाज भवन में की गई है।
महिला अभ्यर्थियों के लिए होगी अलग से व्यवस्था
इसबार पटवारी परीक्षा में पहली बार महिला अभ्यर्थियों को बाहरी जिलो में भी केंद्र आवंटित किए गए हैं। इसके लिए इन समाज के लोगों ने महिला अभ्यर्थियों के लिए भी अलग से व्यवस्था की है। इसके साथ ही इनकी सुरक्षा की जिम्मेदारी भी सामाजिक कार्यकर्ताओं ने ली है। समाज के पदाधिकारियों ने बताया कि अन्य जिलों की तरह पाली में भी इस तरह की सकारात्मक पहल कर जिम्मेदारी उठाई है।
सोशलमीडिया पर पहुंचा रहे हैं संदेश, कर रहे हैं रजिस्ट्रेशन
चारोंसमाज के लोग वाट्स एप्प और फेसबुक समेत अन्य सोश्यल मीडिया साइट्स के माध्यम से समाज के लोगों को संदेश पहुंचा रहे हैं। इसमें पदाधिकारियों के नाम और नंबर तक दे रख हैं। अभ्यर्थियों के लिए बेहतर व्यवस्था की जाए इसके लिए इनका फोन के माध्यम से रजिस्ट्रेशन कर ठहरने की व्यवस्था कर रहे हैं। वहीं फोन कर अन्य लोगों तक यह सूचना पहुंचाने का कार्य कर रहे हैं।
पुष्करणा समाज ने उठाई सभी ब्राह्मण समाज की जिम्मेदारी, वहीं अन्य समाज भी आए आगे
पालीके पुष्करणा समाज की ओर से सभी ब्राह्मण समाज के अभ्यर्थियों के ठहरने और उनकी व्यवस्था करने की जिम्मेदारी उठाई है। वहीं जांगिड़ , खटीक और गोस्वामी समाज भी इस पहल में अागे आए है। समाज के तीनों पदाधिकारियों की माने तो समाज के सभी बच्चे हमारे परिवार का ही हिस्सा है, ऐसे में इनकी व्यवस्था की जिम्मेदारी भी समाज की बनती है।