सीकर। पेंशन धारियों को नोटेरी किए हुए आय के शपथ पत्र देकर 50 से 100 रुपए तक अवैध रूप से वसूलने के मामले में सोमवार को हड़कंप मच गया। एडीएम भरतलाल मीना ने धोद बीडीओ को जांच के निर्देश दिए। धोद बीडीओ ने जांच शुरू की तो कई चौंकाने वाले तथ्य सामने आए।
जांच टीम ने धोद इलाके में यह शपथ पत्र बांटकर अवैध वसूली करने वाले युवक का भी पता लगा लिया। जब टीम उसके घर पहुंची तो युवक नहीं मिला। धोद बीडीओ रश्मि मीणा ने बताया कि शपथ पत्र बांटकर अवैध वसूली करने वाले युवक के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई जाएगी। उन्होंने बताया कि प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि उसने गांव में 100 से ज्यादा लोगों को यह शपथ पत्र बेचकर अवैध रूप से वसूली की है।
आगे गांव में ऐसा कोई मामला नहीं हो, इसके लिए भी नजर रखी जाएगा। यह भी पता लगाया जाएगा कि कि दूसरे इलाकों में भी इस तरह की वसूली तो नहीं हुई है। पड़ताल में सामने आया है कि धोद में अब तक करीब 250 लोगों को ठगा जा चुका है।
मामला बढ़ा तो कुछ को सौंपी पेंशन
सरपंचने जब अर्जुन लाल को पूरा बात पूछी तो उसने पहले तो इंकार कर दिया लेकिन मामला तूल पकड़ते देख उसने अपनी गलती स्वीकार कर ली तथा सरपंच को एक कागज पर बाकायदा माफीनामा लिख कर सौंप दिया। इस दौरान कार्रवाई के डर से कुछ महिलाओं को तो उसने पेंशन दे दी। जानकारी के अनुसार भवानीपुरा की पेफी देवी, उम्मेद कंवर, फुली देवी, परमेश्वरी देवी, किशोरी समेत दर्जनों महिलाओं ने पेंशन नहीं देने का आरोप लगाया है।