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माकपा का ऐलान : दबने नहीं देंगे किसानों-मजदूरों की आवाज

7 वर्ष पहले
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(कलेक्ट्रेट पर धरने को संबोधित करते किसान सभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष व माकपा नेता अमराराम)
सीकर। माकपा के राष्ट्रव्यापी अभियान के तहत सोमवार को वक्ताओं ने केंद्र व राज्य सरकार की जनविरोधी नीतियों का जमकर विरोध जताया। जिला कमेटी ने 11 सूत्री मांगों को लेकर कलेक्ट्रेट के सामने धरना दिया। धरने को किसान सभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमराराम व पूर्व विधायक पेमाराम ने संबोधित किया।

इन नेताओं ने कहा-भाजपा ने केंद्र व राज्य में युवा, किसान व मजदूर वर्ग को झूठे सपने दिखाकर सत्ता हासिल की है। 15 लाख नौकरी देने, सस्ते खाद, बीज व कीटनाशक मुहैया करवाने, मजदूरों को पेंशन, विदेशों में जमा कालाधन वापस लाकर महंगाई से राहत दिलाने का वादा किया था। अब पार्टी के नेता वादों से मुकरने लगे हैं। 17 हजार स्कूलों को बंद कर शिक्षा का हक छीन लिया है। लाखों बेरोजगार युवाओं के नौकरी के सपने टूट गए है। अंतरराष्ट्रीय मार्केट में तेल की कीमतों में गिरावट के बावजूद भाव नहीं घटना जनता के साथ सीधी लूट है। राज्य सरकार की पहली वर्षगांठ पर माकपा सरकार की जन विरोधी नीतियों को गांव-गांव तक उजागर करेगी।

अध्यक्षता भीमसिंह महला, सलीमुद्दीन ने की। सुरजमान सिंह, रामरतन बगडिय़ा, सत्यजीत भीचर, मंगल सिंह, रुड़सिंह, रामप्रसाद, जांगिड़, आबिद हुसैन, सुभाष नेहरा, अब्दुल कयूम कुरैशी, बृजसुंदर जांगिड़, प्रधान उस्मान खां, भगवान सिंह, पूर्णसिंह ने संबोधित किया। संचालन सागर खाचरिया ने किया। पांच सदस्यीय प्रतिनिधि मंडी ने सचिव किशन पारीक के नेतृत्व में मुख्यमंत्री के नाम कलेक्टर को 11 सूत्री मांगों का ज्ञापन सौंपा।
कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा : अखिल भारतीय किसान सभा जिला कमेटी ने विभिन्न मांगों को लेकर सोमवार को कलेक्ट्रेट पर धरना दिया। इसके बाद कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा। कमेटी के महासचिव सागर खाचरिया ने कहा कि किसानों को पर्याप्त मात्रा में खाद, बीज, कीटनाशक उपलब्ध करवाया जाए, आवारा पशुओं द्वारा फसलों में किए गए नुकसान का मुआवजा दिया जाए, वीसीआर के नाम पर लूट सहित कई समस्याओं के समाधान की मांग की गई है। उन्होंने बताया कि किसान सभा जिले में 31 दिसंबर तक सदस्यता अभियान चलाएगी। इसके बाद ग्राम कमेटियों का गठन किया जाएगा।
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