सौ स्थानों पर नरेगा श्रमिक करेंगे काम
उदयपुर| रेलवेके पायलट प्रोजेक्ट के चयनित कामों में सौ स्थानों पर नरेगा श्रमिकों को लगाया जाएगा। जिले के यह काम कराने का निर्णय रेलवे बोर्ड और मंडल अभियंताओं ने सोमवार को जिला प्रशासन से हुई बैठक में लिया। इसमें ढाई सौ किमी रेलखंड में काम कराया जाएगा। बोर्ड डायरेक्टर ने स्पष्ट किया कि रेल संचालन और रेलवे सुरक्षा से जुड़े काम इसमें नहीं कराए जाएंगे। इन सौ स्थानों पर रेलवे ट्रैक के दोनों तरफ उगी झाड़ियों की सफाई तथा दो ट्रैक के बीच उगी घास की कटाई का काम इन श्रमिकों से कराया जाएगा। रेल समपारों का लेवल बढ़ाने, अर्थ वर्क में मिट्टी डालने का काम नरेगा श्रमिक करेंगे। रेलवे के उदयपुर क्षेत्र के 1 एईएन 7 जेईएन नरेगा इंजीनियर्स के साथ तालमेल बिठा कर काम कराएंगे।
बताया गया कि घास चरने के लिए मवेशी ट्रैक पर हादसे का शिकार हो जाते हैं। रेलवे स्टेशनों तक एप्रोच रोड बनाने में नरेगा श्रमिक लगाए जाएंगे। बैठक में कलेक्टर आशुतोष पेडणेकर, सीईओ अबरार अहमद तथा नरेगा के अधिशासी अभियंता अनिल आचार्य प्रज्ञा सक्सेना के साथ रेल अभियंताओं ने वार्ता की। रेलवे बोर्ड के डायरेक्टर इंजीनियरिंग अनिल कुमार, नॉर्थ वेस्टर्न रेलवे के मुख्य अभियंता बी.एल.मीणा, मंडल अभियंता सतीश मीणा सहायक अभियंता राजाराम मीणा ने नरेगा श्रमिकों से काम कराने की रूपरेखा तय की।