हादसे में मार्बल व्यवसायी की मौत
पुलिस ने समय पर नहीं दी सूचना, नहीं तो बचा सकते थेे : परिजन
राजेन्द्रके रिश्तेदार आयड़ निवासी मुकेश चौधरी ने बताया कि हादसे के बाद 108 एम्बुलेंस अस्पताल में राजेन्द्र को छोड़कर चली गई। लावारिस नाम से पर्ची काटकर भर्ती किया गया। कुछ मिनटों के लिए होश में आने पर राजेन्द्र ने अपना नाम बताया था। पुलिस रात को ही कोशिश करती तो परिजनों से संपर्क हो सकता था और समय पर सूचना मिल जाती। जब तक सूचना मिली राजेंद्र की मौत हो गई। किसी ने हादसे के तुरंत बाद राजेन्द्र की जेब से पर्स भी निकाल लिया। जेब से सिर्फ चाबियां और चार रुपए मिले। पुलिस टैक्सी चालक की तलाश कर रही है।
उदयपुर. प्रतापनगरचौराहे के पास शुक्रवार रात हादसे में मार्बल व्यवसायी की मौत हो गई। परिजनों ने आरोप लगाया कि पुलिस ने उन्हें समय पर सूचना नहीं दी। घटना के बाद सूचना मिलती तो अच्छे हॉस्पिटल में लेजाकर उन्हें बचाया जा सकता था।
पुलिस ने बताया कि हादसे में खेरोदा निवासी राजेन्द्र कुमार (43) पुत्र श्यामसुंदर चौधरी की मौत हुई है। राजेन्द्र का नाथद्वारा में मार्बल का व्यवसाय और गोदाम है। काम के चलते वे बीती रात किराए की टैक्सी में नाथद्वारा से उदयपुर रहे थे। चालक की लापरवाही से टैक्सी प्रतापनगर चौराहे से पहले डिवाइडर के पास साइड में खड़े ट्रैक्टर-ट्रॉली से भिड़ गई। राजेन्द्र कुमार गंभीर घायल हो गए, जबकि चालक फरार हो गया। अस्पताल में व्यवसायी की मौत हो गई। रिश्तेदारों ने बताया कि व्यवसायी के एक बेटी-एक बेटा है। बेटी अहमदाबाद में आईआईटी की कोचिंग कर रही है, जबकि बेटा भी पढ़ रहा है। व्यवसायी की मौत की खबर से घर में कोहराम मच गया।