उदयपुर. टूरिस्ट सिटी के अंदरुनी 5 बाजार हेरिटेज लुक में नजर आए इसके लिए नगर निगम ने पहली बार डीपीआर तैयार की है। प्रथम चरण मेें डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट तैयार कर ली गई है। इनके संरक्षण पर 10 करोड़ 60 का खर्चा आने का एस्टीमेट बनाया गया है। यह काम जयपुर की तर्ज पर होगा, जिसमें हेरिटेज संरक्षण के साथ-साथ बाजार-दुकानों का स्वरूप एक जैसा नजर आएगा। सर्वे के आधार पर तैयार डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट को लेकर कंसल्टेंट धरोहर के मानस शर्मा ने सोमवार को आसींद की हवेली में प्रजेंटेशन दिया।
मेयर रजनी डांगी की मौजूदगी में विस्तृत चर्चा के दौरान चर्चा हुई कि निगम की ओर से जो भी योग्य सुझाव आएंगे उनको भी डीपीआर में शामिल किया जाएगा। डीपीआर राज्य सरकार को भेजी जाएगी। दूसरे चरण में धानमंडी, मालदास स्ट्रीट, गोगावतवाड़ी बाजार, मोचीवाड़ा झीणीरेत बाजार को प्रोजेक्ट में शामिल किया जाएगा।
शहर के ये पुराने बाजार पर्यटन व्यवसाय का प्रमुख केंद्र हंै, मगर हेरिटेज लुक कम होने लगा है। दुकानें के बाहर बनी चबुतरियां दुकानदारों ने अपने अपने हिसाब से बना रखी हंै। बाहर की दीवारों पर रंग एक जैसा है दुकानों के बाहर लगे बोर्ड। प्रोजेक्ट के इन्हें व्यवस्थित किया जाएगा। चबूतरियों को एक समान किया जाएगा। जहां कहीं गोखड़े हेरिटेज भवन का हिस्सा क्षतिग्रस्त है उसको ठीक किया जाएगा। आम रास्तों पर लटक रहे तारों के जंजाल को व्यवस्थित किया जाएगा।
विशेषता : बाजारमें हैण्डी क्राफ्ट से जुड़ा कारोबार प्रमुखता से होता है। करीब 220 मीटर लंबे इस बाजार में 103 भवन,148 दुकानें 27 हेरिटेज भवन है।
विशेषता : इसमार्ग पर हैंडीक्राफ्ट व्यवसाय प्रमुखता से होता है। करीब 170 मीटर इस बाजार में 43 भवन,67 दुकानें 12 हैरिटेज भवन हैं।
विशेषता : प्रमुखटूरिस्ट बाजार। हैण्डीक्राफ्ट, चांदी से जुड़े काम के साथ ही रेस्टोरेंट हैं। करीब 275 मीटर लंबे इस बाजार में 103 भवन,148 दुकानें 25 हेरिटेज भवन हैं।
विशेषता : इसबाजार में सर्राफा व्यवसाय लकड़ी के खिलाने जुड़ा व्यवसाय प्रमुखता से होता है। करीब 400 मीटर लंबे इस बाजार में 162 भवन,195 दुकानें 38 हेरिटेज भवन हैं।