--Advertisement--

मैच जीतने के लिए इस हद तक गुजर जाते हैं क्रिकेटर्स, ऐसे होती है बॉल से छेड़छाड़

ICC के नियमों के मुताबिक, मैच के दौरान बॉल से किसी भी तरह की छेड़छाड़ लेवल-2 का अपराध माना जाता है।

Dainik Bhaskar

Mar 26, 2018, 11:45 AM IST
How Ball Is Tampered By Cricketers To Make It Favourable & How it is against The Law

क्रिकेट को जेंटलमैन्स गेम कहा जाता है लेकिन कई बार मैदान में जीतने के लिए ऐसी हरकतें की जाती है जो क्रिकेट को शर्मसार कर देती हैं। ऑस्ट्रेलिया और साउथ अफ्रीका के बीच तीसरे टेस्ट में भी ऑस्ट्रेलियाई टीम ने घटिया तरीके से बॉल से छेड़छाड़ की जिसके बाद कंगारू टीम के कप्तान स्टीव स्मिथ और उप कप्तान डेविड वॉर्नर को इस्तीफा देना पड़ा। आज हम आपको बता रहे हैं किस तरह मैच जीतने के लिए बॉल से की जाती है छेड़छाड़ और इसके लिए कैसा है क्रिकेट का कानून। ये कहता है कानून...

- इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल (ICC) के नियमों के मुताबिक, मैच के दौरान बॉल से किसी भी तरह की छेड़छाड़ लेवल-2 का अपराध माना जाता है, जिसमें प्लेयर पर 100 पर्सेंट मैच फीस का जुर्माना लगता है और चार नेगेटिव प्वाइंट्स भी लगा दिए जाते हैं। इतने नेगेटिव प्वाइंट्स एक प्लेयर को कम से कम एक टेस्ट मैच के लिए प्रतिबंधित करने के लिए काफी हैं।

इस तरह से होती है बॉल टेम्परिंग
- बॉल को किसी आर्टिफिशियल चीज से चमकाने की कोशिश करना।
- बॉल को किसी भी नुकीली चीज (धातु, नाखुन, कंकड़-पत्थर) से खुरेचना।
- बॉल को ग्राउंड पर घिसना।
- बॉल को चूइंग गम या चूइंग के बाद के सलाइवा से चमकाना।

क्या कहता है कानून
- आईसीसी के अधिनियम 42 के सबसेक्सन 3 में बॉल टेंपरिंग को लेकर बताया गया है। इसमें कहा गया है कि मैच के दौरान प्लेयर्स बॉल में चमक लाने के लिए या अगर बॉल ओस या किसी कारण गीली हो गई है तो उसे पोछने के लिए तौलिये का इस्तेमाल कर सकता है लेकिन, अगर वे इसके लिए किसी कृत्रिम पदार्थ का इस्तेमाल करते हैं तो वह अपराध माना जाएगा। इसके अलावा टॉवल का इस्तेमाल भी अंपायर के देखरेख में होना चाहिए।

क्यों होती है बॉल से छेड़छाड़

- असल में कुछ क्रिकेटर्स गेम को अपने पक्ष में करने के लिए ये गैरकानूनी काम करते हैं। जब बॉल पर किसी आर्टिफिशियल चीज से लगाकर उसे चमकाया जाता है, तो हवा उस चमकीले हिस्से से तेजी से पास होती है और बॉल स्विंग करती है। इससे बॉलर को बहुत फायदा होता है। वहीं कई बार नुकीली चीज से इसे खरोंचा जाता है, जिससे बॉल अच्छी तरह स्पिन करे।

मिट्टी में रगड़ना भी कानून का उल्लंधन
आईसीसी के नियम के मुताबिक अगर कोई प्लेयर बॉल को मैदान की मिट्टी पर भी रगड़ता है तो इसे भी नियमों का उल्लंघन माना जाए।

थूक से चमका सकते हैं बॉल
- आपने मैच के दौरान अक्सर प्लेयर्स को बॉल पर थूक लगाकर चमकाते देखा होगा। यहां आपको बता दें कि प्लेयर्स को इसकी अनुमति है, लेकिन अगर कोई प्लेयर चूइंग गम खा रहा है और उसका इस्तेमाल बॉल पर करता है तो ये नियम तोड़ना कहलाएग।

वैसलीन या सनस्क्रीन से भी हो सकती है टेंपरिंग
प्लेयर्स को अपने शरीर पर लगे वैसलीन या सनस्क्रीन को बॉल पर लगाने की अनुमति नहीं होती। अगर कोई प्लेयर ऐसा करता है तो बॉल टेंपरिंग का दोषी माना जाएगा।
आगे की स्लाइड्स में देखें, बॉल टेम्परिंग पकड़ने पर अंपायर के पास होता है ये पावर...

मैदान पर अंपायर बॉल की स्थिति की निगरानी के लिए जिम्मेदार होते है और इसे नियमित रूप से चेक करना उनकी जिम्मेदारी होती है। अगर अंपायर किसी फिल्डर को बॉल टेंपर करते हुए पकड़ लेता है तो बैटिंग करने वाली टीम को पांच पेनल्टी रन दिए जाते हैं और बॉल को तुरंत बदला जाता है। फोटो : एक मैच के दौरान चूइंग से बॉल को चमकाते ऑस्ट्रेलिया कप्तान स्टीव स्मिथ। मैदान पर अंपायर बॉल की स्थिति की निगरानी के लिए जिम्मेदार होते है और इसे नियमित रूप से चेक करना उनकी जिम्मेदारी होती है। अगर अंपायर किसी फिल्डर को बॉल टेंपर करते हुए पकड़ लेता है तो बैटिंग करने वाली टीम को पांच पेनल्टी रन दिए जाते हैं और बॉल को तुरंत बदला जाता है। फोटो : एक मैच के दौरान चूइंग से बॉल को चमकाते ऑस्ट्रेलिया कप्तान स्टीव स्मिथ।
आपको बता दें कि ऑस्ट्रेलिया और साउथ अफ्रीका के बीच खेले जा रहे तीसरे टेस्ट में ऑस्ट्रेलियाई ओपनर कैमरन बेनक्रॉफ्ट बॉल टेंपरिंग करते हुए पकड़े गए। दिन का खेल खत्म होने पर कप्तान स्टिव स्मिथ ने टेंपरिग की बात मानी ली, जिसके बाद उन्हें और उप कप्तान डेविड वार्नर को तीसरे टेस्ट की कप्तानी भी छोड़नी पड़ी। आपको बता दें कि ऑस्ट्रेलिया और साउथ अफ्रीका के बीच खेले जा रहे तीसरे टेस्ट में ऑस्ट्रेलियाई ओपनर कैमरन बेनक्रॉफ्ट बॉल टेंपरिंग करते हुए पकड़े गए। दिन का खेल खत्म होने पर कप्तान स्टिव स्मिथ ने टेंपरिग की बात मानी ली, जिसके बाद उन्हें और उप कप्तान डेविड वार्नर को तीसरे टेस्ट की कप्तानी भी छोड़नी पड़ी।
How Ball Is Tampered By Cricketers To Make It Favourable & How it is against The Law
How Ball Is Tampered By Cricketers To Make It Favourable & How it is against The Law
X
How Ball Is Tampered By Cricketers To Make It Favourable & How it is against The Law
मैदान पर अंपायर बॉल की स्थिति की निगरानी के लिए जिम्मेदार होते है और इसे नियमित रूप से चेक करना उनकी जिम्मेदारी होती है। अगर अंपायर किसी फिल्डर को बॉल टेंपर करते हुए पकड़ लेता है तो बैटिंग करने वाली टीम को पांच पेनल्टी रन दिए जाते हैं और बॉल को तुरंत बदला जाता है। फोटो : एक मैच के दौरान चूइंग से बॉल को चमकाते ऑस्ट्रेलिया कप्तान स्टीव स्मिथ।मैदान पर अंपायर बॉल की स्थिति की निगरानी के लिए जिम्मेदार होते है और इसे नियमित रूप से चेक करना उनकी जिम्मेदारी होती है। अगर अंपायर किसी फिल्डर को बॉल टेंपर करते हुए पकड़ लेता है तो बैटिंग करने वाली टीम को पांच पेनल्टी रन दिए जाते हैं और बॉल को तुरंत बदला जाता है। फोटो : एक मैच के दौरान चूइंग से बॉल को चमकाते ऑस्ट्रेलिया कप्तान स्टीव स्मिथ।
आपको बता दें कि ऑस्ट्रेलिया और साउथ अफ्रीका के बीच खेले जा रहे तीसरे टेस्ट में ऑस्ट्रेलियाई ओपनर कैमरन बेनक्रॉफ्ट बॉल टेंपरिंग करते हुए पकड़े गए। दिन का खेल खत्म होने पर कप्तान स्टिव स्मिथ ने टेंपरिग की बात मानी ली, जिसके बाद उन्हें और उप कप्तान डेविड वार्नर को तीसरे टेस्ट की कप्तानी भी छोड़नी पड़ी।आपको बता दें कि ऑस्ट्रेलिया और साउथ अफ्रीका के बीच खेले जा रहे तीसरे टेस्ट में ऑस्ट्रेलियाई ओपनर कैमरन बेनक्रॉफ्ट बॉल टेंपरिंग करते हुए पकड़े गए। दिन का खेल खत्म होने पर कप्तान स्टिव स्मिथ ने टेंपरिग की बात मानी ली, जिसके बाद उन्हें और उप कप्तान डेविड वार्नर को तीसरे टेस्ट की कप्तानी भी छोड़नी पड़ी।
How Ball Is Tampered By Cricketers To Make It Favourable & How it is against The Law
How Ball Is Tampered By Cricketers To Make It Favourable & How it is against The Law
Bhaskar Whatsapp

Recommended

Click to listen..