नई दिल्ली: भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) की कमान एक बार फिर अपने हाथों में लेने के लिए बेकरार एन श्रीनिवासन ने बुधवार को सुप्रीम कोर्ट को भरोसा दिलाया कि यदि वह बोर्ड अध्यक्ष बनते हैं, तो
आईपीएल की गतिविधियों से दूर रहेंगे। श्रीनिवासन ने बुधवार को कहा कि यदि वह एक बार फिर बीसीसीआई के अध्यक्ष चुने जाते हैं, तो बीसीसीआई की कार्यकारी समिति और
आईपीएल की गवर्निंग काउंसिल की गतिविधियों में तब तक हस्तक्षेप नहीं करेंगे, जब तक उच्च स्तरीय समिति हितों के टकराव के मामले में उन्हें क्लीन चिट नहीं दे देती।
आईपीएल-6 में भ्रष्टाचार के मामले की जांच पूरी होने तक बोर्ड से अस्थायी तौर पर निलंबित किए गए श्रीनिवासन ने अदालत से एक बार फिर बीसीसीआई के अध्यक्ष पद का चुनाव लड़ने की अनुमति भी मांगी। श्रीनिवासन की ओर से पैरवी करते हुए कपिल सिब्बल ने कहा कि श्रीनिवासन आईपीएल की गवर्निंग काउंसिल ही नहीं, बीसीसीआई की आईपीएल मामले को लेकर होने वाली बैठकों से भी दूर रहेंगे। बता दें कि क्रिकेट एसोसिएशन ऑफ बिहार इस मामले में याचिकाकर्ता है, जिसने अदालत से श्रीनिवासन के बोर्ड अध्यक्ष होने के साथ आईपीएल फ्रेंचाइजी चेन्नई सुपरकिंग्स के मालिक होने के नाते आईपीएल स्पॉट फिक्सिंग की पारदर्शी जांच को लेकर हितों के टकराव का सवाल उठाया था।