नई दिल्ली. वनडे और टी-20 टीम के कप्तान महेंद्र सिंह धोनी और उनके वकील एक हिंदी न्यूज पेपर के खिलाफ 100 करोड़ रुपए की मानहानि का विचार कर रहे हैं। डेक्कन क्रॉनिकल की रिपोर्ट के अनुसर, भारतीय कप्तान ने न्यूज पेपर को 9 पेज का कानूनी नोटिस भेजा है। धोनी ने आखिर क्यों भेजा नोटिस...
- न्यूज पेपर में दावा किया गया था कि महेंद्र सिंह धोनी ने साल 2014 में भारत और इंग्लैंड के बीच मैनचेस्टर में हुआ टेस्ट मैच फिक्स था।
- पेपर ने सुनील देव के हवाले से यह बात कही थी। इस खुलासे के बाद हंगामा खड़ा हो गया था।
- हालांकि सुनील देव ने इस खबर को पूरी तरह गलत बताया था।
क्या है नोटिस में?
- धोनी के द्वारा भेजी गई नोटिस में कहा गया है कि सुनील देव का स्टिंग ऑपरेशन संदिग्ध है।
- यह मेरे मुवक्किल को बदनाम करने के लिए एक झूठा प्रोपोगेंडा है।
- भारतीय क्रिकेट अधिकारी (सुनील देव) ने भी फिक्सिंग के दावे का खंडन किया है।
- इस नोटिस में आगे कहा गया है कि मेरे मुवक्किल महेंद्र सिंह धोनी को मानहानि, मानसिक पीड़ा और आघात का कारण संस्थान के खिलाफ भरपाई के तोड़ पर 100 करोड़ रुपए वसूलने का अधिकार है।
पेपर ने स्टिंग में किया थे ये दावे
- स्टिंग में सुनील देव कहते हैं, "बारिश की वजह से पिच की कंडीशन को देखते हुए मीटिंग में तय किया गया था कि हम बॉलिंग करेंगे, लेकिन धोनी ने टॉस जीतने के बाद बैटिंग का फैसला लेकर मुझे चौंका दिया था। यहां तक कि पूर्व इंग्लिश क्रिकेटर ज्योफ बायकॉट भी धोनी के फैसले से हैरान थे।"
- देव के मुताबिक, धोनी ने ये कदम जानबूझकर उठाया था और उन्हें इस बात पर 100 पर्सेंट भरोसा है कि कप्तान ने मैच फिक्स किया है।
- मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, देव ने तब भी इस बारे में बीसीसीआई को लेटर लिखा था। इस बात की जानकारी तब बोर्ड प्रेसिडेंट रहे एन. श्रीनिवासन को भी थी।
क्या हुआ था मैच में?
- 2014 में सीरीज के चौथे टेस्ट में बारिश हुई थी। धोनी ने टॉस जीतकर पहले बैटिंग का फैसला लिया था।
- टीम इंडिया ने पहली इनिंग में 152 रन और दूसरी इनिंग में 161 रन बनाए थे।
- इंग्लैंड ने एक ही इनिंग में 367 रन बनाकर मैच एक इनिंग और 54 रन से जीत लिया था।
- मैच में कप्तान धोनी 92 रन (71 और 21 रन) के साथ टॉप स्कोरर रहे थे। वहीं, अश्विन ने भी 86 रन (40 और 46) बनाए थे।