इलाहाबाद. इलाहाबाद हाईकोर्ट के सरकारी वकीलों की शनिवार का अवकाश सात फरवरी से समाप्त कर दिया गया है। राज्य के महाधिवक्ता विजय बहादुर सिंह के लिखित निर्देश पर अब प्रत्येक शनिवार को सरकारी वकीलों को महाधिवक्ता कार्यालय में आना अनिवार्य है। इसके चलते करीब पांच सौ राज्य विधि अधिकारियों ने कार्यालय में अपनी उपस्थिति दर्ज कराई और सरकारी फाइलों का निपटारा किया।
ज्ञात हो कि महाधिवक्ता ने शीर्ष उच्च अधिकारियों की राय पर अपर महाधिवक्ताओं, मुख्य स्थाई अधिवक्ताओं, शासकीय अधिवक्ता और अपर मुख्य स्थाई अधिवक्ताओं की पिछले सप्ताह बैठक बुलाई थी। इसमें सर्वसम्मति से इससे संबंधित प्रस्ताव पास हुआ था। यह तय किया गया था कि कोर्ट में सरकार की तरफ से मुकदमों का प्रभावी पक्ष रखने के लिए सरकारी वकील प्रत्येक शनिवार को भी अपने चैंबरों में बैठें। अगले सप्ताह कोर्ट में आने वाले मुकदमों की तैयारी करें।
शीर्ष अधिकारियों के इस निर्णय के अनुपालन में सात फरवरी से सरकारी वकीलों ने दफ्तर में बैठकर काम करना शुरू कर दिया है। इसके पहले सरकारी वकीलों के काम के लिए पांच दिन ही निर्धारित था क्योंकि हाईकोर्ट में पांच दिन ही जज न्यायिक काम करते हैं।
प्रतीकात्मक तस्वीर।