लखनऊ. रविवार को केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड की तरफ से आयोजित केंद्रीय अध्यापक पात्रता परीक्षा (सीटीईटी-2014) में पांच फीसदी अभ्यर्थी अनुपस्थित पाए गए हैं। सीटीईटी परीक्षा का आयोजन यूपी के 15 जिलों में किया गया था। राजधानी में इसके लिए कुल 34 सेंटर बनाए गए थे।
राजधानी के 35 परीक्षा केंद्रों पर आयोजित सीटीईटी की परीक्षा को लेकर कुल 34 सेंटर बनाए गए थे। जहां पर करीब 26 हजार अभ्यर्थियों को परीक्षा देना था। दो पालियों में आयोजित परीक्षा सुबह साढ़े नौ बजे से लेकर 12 बजे तक और दोपहर 2 बजे से लेकर साढ़े चार बजे तक आयोजित हुई। शाम को संपन्न हुई परीक्षा में करीब पांच फीसदी अभ्यर्थियों के परीक्षा छोड़े जाने की खबर है। ज्यादातर केंद्रों पर अभ्यर्थियों की उपस्थित सौ फीसदी रही।
सीटीईटी की परीक्षा शुरू होने से पहले अभ्यर्थियों के चेहरे पर परीक्षा का दबाव साफ तौर पर था। लेकिन जब अभ्यर्थी पेपर देकर निकले तो उनके चेहरे पर खुशी थी। अभ्यर्थियों का कहना था कि पेपर कोई खास कठिन नहीं आया था। पहली पाली में आयोजित हुए प्राइमरी के शिक्षकों की परीक्षा में इंग्लिश के पैसेज और सोशल स्टडी के सवाल ने थोड़ा परेशान किया। बाराबंकी से परीक्षा देने आए आए श्यामचरन ने बताया कि उन्होंने दूसरी बार परीक्षा दी है। पिछली बार की तुलना में इस बार पेपर काफी आसान रहा। ऐसे में गणित और साइंस के साइकोलॉजिकल प्रश्न को हल करने में बहुत समय लग रहा था।
इंग्लिश के पेपर ने किया परेशान
सीतापुर के आमोद कुमार ने बताया कि पेपर का पैटर्न काफी अच्छा था। पेपर में मनोविज्ञान, संविधान और इतिहास से काफी प्रश्न पूछे गए। जिसमें मनोविज्ञान के प्रश्न अधिक कठिन रहे। जिन्हें समझकर हल करने में समय लगा। लखनऊ की शामली ने बताया कि उन्होंने इंग्लिश और साइंस में विषय में यह परीक्षा दी है। जिसमें अंग्रेजी का भाग साइंस की तुलना में अधिक कठिन रहा।
फोटो: परीक्षा देते छात्र-छात्राएं।