लखनऊ. इसे एक सिरफिरे आशिक के आशिकी की जानलेवा इंतहा कहें या बेवफाई का बदला। गौरी हत्याकांड में आरोपी हिमांशु का जो रूप समाज के सामने आया है, वह बेहद ही खौफनाक है। हिमांशु ने अपनी प्रेमिका गौरी के साथ अपनी जिंदगी की हसीन बगिया खिलाने की सोची थी।
गौरी के साथ जिंदगी जीने के सपने संजोए थे। बेवफाई का दूसरा चेहरा गौरी का देख हिमांशु हद की इंतहा पार कर गया। गौरी की अश्लील फोटो और उन्हें किसी दूसरे के साथ साझा करना हिमांशु के जज्बात को झकझोर कर रख दिया। इसका अंजाम गौरी की नृशंस हत्या के साथ हुआ।
गौरी के साथ जिंदगी के सपनों को संजोने और अपने प्यार के जज्बातों को साथ बैठकर जीने के लिए हिमांशु उसे बड़े प्यार से अपने साथ घर लेकर आया था। घर आने के पहले दोनों में खूब हंसी-मजाक किए। अपने प्यार को तकरार के जरिए आगे बढ़ाया। बातों-बातों में ही गौरी का बार-बार
मोबाइल देखना, कुछ लिखना, हिमांशु को इतना बुरा लग जाता है कि वह गौरी से उसके मोबाइल की मांग कर देता है।
हिमांशु का गौरी से मोबाइल मांगना ही वारदात की ओर पहल कदम बढ़ाना साबित होता है। गौरी की मना करना ही हिमांशु की जिद को बढ़ाता रहता है। उस पर जुनुन इस कदर हावी हो जाता है कि अब वह हर हाल में मोबाइल देखना चाहता था। इन सब के बीच बात इतनी बिगड़ जाती है कि वह जबरदस्ती लॉक खुलवाकर मोबाइल खंगालता है।
मोबाइल में गौरी की आपत्तिजनक फोटो देखकर हिमांशु को खुद पर काबू नहीं रख पाता है। वह बिना कुछ सोचे समझे ही गौरी की जान लेने की नीयत से उसका गला दबा देता है और गौरी भी अचेत होकर गिर जाती है। अपने किए पर पछता रहा हिमांशु कुछ देर तक गौरी के शरीर को अपनी बांहों में लेकर बैठा रहता है।
आगे पढ़िए, गौरी के शव को घर में छोड़कर बाजार में हिमांशु ने पी बीयर...