फाइल फोटोः राज्यपाल के साथ यूपी सीएम अखिलेश यादव।
लखनऊ. राजधानी के अति संवेदनशील ठिकाने राजभवन और विधान भवन के पास हुई 19 लाख की डकैती पर राज्यपाल खफा हैं। उन्होंने सीएम अखिलेश यादव से नाराजगी जताई है। राज्यपाल राम नाईक ने सीएम को राजधानी लखनऊ को सुरक्षित बनाने को लेकर बुधवार को बात की है।
सूत्रों के अनुसार मंगलवार को राजभवन में सीएम से हुई मुलाकात के दौरान राज्यपाल राम नाईक ने नाराजगी जताई। हालांकि राजभवन पहुंचने से पहले सीएम पुलिस के आला अधिकारियों को बदमाशों को जल्द से जल्द पकड़ने का आदेश दे चुके थे। फिर भी राज्यपाल ने यह कहते हुए चिंता जताई कि हजरतगंज जैसे हाई सिक्युरिटी जोन में लूट की बड़ी घटनाएं होना न केवल राज्य की सुरक्षा पर सवाल खड़ा करता है, बल्कि इससे गलत संदेश भी जाएगा। उन्होंने कहा कि राज्य के अति संवेदनशील ठिकानों, अतिमहत्वपूर्ण स्थलों की सुरक्षा पर विशेष ध्यान दिया जाना चाहिए।
सीएम ने राज्यपाल को बताया कि उन्होंने मामले को गंभीरता से लिया है। आरोपियों को जल्द पकड़ लिया जाएगा। सीएम ने राज्यपाल को बताया कि सपा सरकार राज्य की कानून व्यवस्था सुधारने के पुख्ता इंतजाम कर रही है। इसमें केंद्रीय गृहमंत्रालय के भी सहयोग की जरूरत है।
नए एसएसपी यादव के लिए चुनौती
इस घटना को लेकर पुलिस विभाग में भी हलचल मची हुई है। लखनऊ के एसएसपी यशस्वी यादव ने हाल में पदभार संभाला है। यादव महाराष्ट्र कैडर के आईपीएस अधिकारी हैं। उन्होंने महाराष्ट्र की उपराजधानी नागपुर और नासिक सहित अन्य जिलों में भी महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां संभाली हैं। उन्हें तेजतर्रार अधिकारी माना जाता है। महाराष्ट्र सरकार अच्छे कार्यों के लिए उन्हें सम्मानित भी कर चुकी है। पदभार संभालने तुरंत बाद से ही यशस्वी के आदेश पर राजधानी में पुलिस पेट्रोलिंग और चेकिंग अभियान तेज कर दिया गया था। बावजूद इसके वीवीआईपी क्षेत्र में इस तरह की वारदात ने उनके लिए चुनौती खड़ी कर दी है। इधर केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह का लखनऊ संसदीय क्षेत्र है। केंद्रीय गृहमंत्री के संसदीय क्षेत्र में भी अपराधियों के हौसले बुलंद होने पर कई सवाल उठाए जा रहे हैं। राज्यपाल ने नाराजगी जताकर सपा सरकार की मुश्किलें बढ़ा दी है।
क्या है मामला
मंगलवार दोपहर करीब पौने तीन बजे मोटर साइकल पर सवार दो बदमाशों ने राजभवन के पास लूट की वारदात को अंजाम दिया था। एक्सिस बैंक से निकलते ही निजी कंपनी के मुंशी योगेंद्र सिंह से 18.80 लाख रुपए से भरा बैग छीनकर फरार हो गए थे। कंपनी का ऑफिस डालीबाग में है। योगेंद्र कंपनी का चेक कैश कराने के लिए बैंक आए थे।
आगे पढ़िए, पहले भी राजभवन के आसपास के इलाकों में हुईं हैं घटनाएं...