राजधानी लखनऊ के हजरतगंज में ट्रैफिक नियमों के लिए चुनौती बनती बाइक और कार की नंबर प्लेट (तस्वीर में)
- मजबूरी है प्लेट का इस तरह बनाना
- लोगों को जागरुक होने की जरूरत
लखनऊ. राजधानी लखनऊ में परिवहन विभाग का कायदा कानून मजाक बनकर रह गया है। बाइक से लेकर कार तक, गाड़ियों के नंबर इस तरह लिखें हैं कि जो न केवल परिवहन विभाग के नियमों की खुलेआम धज्जियां उड़ा रहे हैं, बल्कि उन्हें आसानी से पढ़ा भी नहीं जा सकता। कुछ गाड़ियों में नंबर की जगह कुछ और ही लिखा रहता है।
राजधानी में यह नजारा आपको लखनऊ के हजरतगंज चौराहे से लेकर बापू भवन और परिवर्तन चौक पर कभी भी दिख जाएगा। वाहन मालिक मनचाहे नंबर की चाह में हर हथकंडे अपनाते हैं। वह मैजिक नंबर तो लेते ही हैं, साथ ही नंबर को अलग तरीके से लिखवाते हैं, जो पढ़ने में भी ठीक से नहीं आते। यह सबकुछ गाड़ी को आकर्षक दिखाने की चाहत में लोग करते हैं। इससे ट्रैफिक पुलिस को खासी परेशानी होती है। गाड़ियों के नंबर को जल्दीबाजी में पढ़ना भी आसान नहीं होता है।
मजबूरी है प्लेट को इस तरह बनाना
लालबाग में गाड़ी का नंबर प्लेट बनाने वाले दुकानदार रिजवान कहते हैं कि वह परिवहन विभाग के नियमों को अच्छी तरह से जानते हैं। फिर भी इस तरह का नंबर प्लेट बनाना मजबूरी है। यदि वह नहीं करेंगे, तो कोई दूसरा कारीगर बना देगा, क्यों कि गाड़ी मालिक ऐसा ही चाहता है।
आगे पढ़िए, क्या कहते हैं लखनऊ के एसपी ट्रैफिक...