तस्वीर में: पत्रकारों से बातचीत करते साक्षी महाराज।
कन्नौज. यूपी की राजनीति में इन दिनों विवादित बयान देने की होड़ लगी हुई है। रविवार को उन्नाव से बीजेपी सांसद साक्षी महाराज ने यहां मुस्लिमों पर सीधा निशाना साधा। उन्होंने कहा कि फिलहाल जो मदरसे चल रहे हैं, उनमें आतंकवाद की शिक्षा दी जाती है।
लव जिहाद मामले पर बीजेपी सांसद ने कहा कि यह मुस्लिम समाज की सोची-समझी साजिश है और उनके युवकों को हिंदू लड़कियों को प्रेमजाल में फंसाने के लिए अरब देशों से फंडिंग हो रही है। मदरसों पर सरकार का नियंत्रण होना चाहिए। बता दें कि इससे पहले एक अन्य बीजेपी सांसद योगी आदित्यनाथ ने कहा था कि जहां मुस्लिम आबादी ज्यादा होती है, दंगे वहीं होते हैं। दूसरी ओर, इस बयान की निंदा करते हुए दारुल उलूम देवबंद ने कहा है कि ऐसे लोगों पर देशद्रोह का मुकदमा दर्ज होना चाहिए।
रविवार को कन्नौज पहुंचे बीजेपी सांसद ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा, ''मदरसों को बंद कर देना चाहिए, क्योंकि उनमें राष्ट्रीयता की शिक्षा नहीं दी जाती है। किसी भी मदरसे में 26 जनवरी और 15 अगस्त को तिरंगा नहीं फहराया जाता है? वहां तिरंगे झंडे नहीं फहराए जाएंगे, क्योंकि मदरसों में आतंकवाद की शिक्षा दी जाती है। केवल उनको कुरान की शिक्षा देकर आतंकवादी और जिहादी बनाना राष्ट्र के हित में नहीं है।''
'लड़कियों को फंसाने पर उनके धर्म के हिसाब से पैसा'
साक्षी महाराज ने कहा, ''उन लोगों ने धर्मों के हिसाब से रेट फिक्स कर रखे हैं। सरदार की लड़की को फंसाओगे तो 11 लाख रुपए, हिंदू की लड़की को फंसाओगे तो 10 लाख रुपए और अगर जैन की लड़की को फंसाआगे तो आठ लाख रुपए। सारे रेट फिक्स हैं। यह उनका बिजनेस बन गया है। वे इन लड़कियों से होने वाली औलादों को पढ़ाते-लिखाते नहीं हैं। उन्हें तुरंत ही आतंकवादी बनाने की शिक्षा दी जाती है।''
कांग्रेस ने साधा निशाना
कांग्रेस नेता मनीष तिवारी ने कहा कि अगर साक्षी महाराज के पास इस बारे में सबूत हैं तो वे पेश करें, वर्ना इस तरह के बयान देकर सांप्रदायिक तनाव पैदा करने से बचें। उधर, मौलाना खालिद राशिद फिरंगी महली ने कहा कि साक्षी के आरोप निराधार हैं। मदरसों में प्यार और शांति के संदेश पढ़ाए और फैलाए जाते हैं।
साक्षी महाराज पर बरसा दारुल उलूम देवबंद, कहा- इस प्रकार के बयान देने वालों पर हो देशद्रोह का मुकदमा…