शाहजहांपुर/लखनऊ. मंगलवार को मिड-डे मील में सूड़ी (घुन) निकलने से गांव वालों ने स्कूल में हंगामा काट दिया। दो विद्यालयों के खाने में सूड़ी निकलने की खबर से प्रशासन में भी हड़कंप मच गया। इसके बाद बीएसए राजेश कुमार वर्मा ने एमडीएम सेल के प्रभारी निश्चय सिंह को जांच के लिए गांव रवाना कर दिया। जांच के बाद बीएसए ने दो अध्यापको को संस्पेंड भी कर दिया। खाना बनाने में रसोइयों की लापरवाही को देखते हुए इन्हें निकालने की संस्तुति भी दे दी गई है।
शाहजहांपुर के ब्लाक सिंधौली क्षेत्र के गांव पिपरिया खेड़ा के प्राथमिक और पूर्व माध्यमिक विद्यालय में बच्चों को दोपहर में जब आलू की सब्जी परोसी गई तो उसमें सूड़ी देख बच्चों ने खाना खाने से मना कर दिया। बच्चों ने सब्जी में तैर रही सूडि़या शिक्षकों को दिखाई। सब्जी में सूड़ी देख शिक्षकों के हाथ पैर फूल गए। इसके बाद यह खबर आग की तरह बच्चों के अभिभावको के पास पहुंची।
अभिभावकों ने स्कूल पहुंचकर शिक्षक और स्कूल प्रबंधन के खिलाफ जमकर हंगामा काटा। स्कूल प्रबंध समिति के अध्यक्ष ने डीएम शुभ्रा सक्सेना को स्कूल के मिड-डे मील में सूड़ी निकलने की सूचना दी। बच्चों के खाने में सूड़ी निकलने को गंभीरता से लेते हुए बीएसए को जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए।
बीएसए ने एमडीएम प्रभारी निश्चय सिंह को जांच के लिए गांव भेजा। जब उन्होंने खाने को चेक किया तो सब्जी में सूड़ी और कीड़े मिले। उन्होंने सब्जी, मसालों और तेल के सैंपल लेकर जांच के लिए भेज दिया है।
गांव में प्राथमिक विद्यालय और पूर्व माध्यमिक विद्यालय एक ही परिसर में है जहां दोनो विद्यालयों का खाना एक ही जगह बनता है। बच्चों के लिए पांच रसोइए खाना बनाते हैं। बीएसए ने बताया कि पिपरिया खेड़ा के स्कूल के मिड-डे मील में कीड़े निकलने की सूचना मिली थी। एमडीएम के प्रभारी से जांच कराई गई है।
जांच में प्रधानाध्यापक ओम सिंह और इंचार्ज अध्यापक जुबैर आलम की लापरवाही सामने आई है। ऐसे में दोनों को दोषी मानते हुए संस्पेंड कर दिया गया है। इसके अलावा पांचों रसोइयों को हटाने की संस्तुति रसोइया चयन समित से की गई है।
तस्वीर में: मिड-डे मील में मिले सूड़ी को देखता जांच दल।