तस्वीर में: जिले में कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालयों की निरीक्षण करने के बाद बैठक करतीं डीएम शुभ्रा सक्सेना।
शाहजहांपुर. अर्थिक संकट से जूझ रहे कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालयों की स्थिति सुधारने के लिए डीएम शुभ्रा सक्सेना की पहल पर जिले के औद्योगिक संस्थानों (उद्यमियों) ने 16 विद्यालयों को गोद लिया है। उद्यमी इन विद्यालयों के रख-रखाव के साथ-साथ छात्राओं की पठन-पाठन सामग्री की कमियों को पूरा करेंगे। वहीं, यहां शिक्षा का माहौल बनाने में सहयोग करेंगे।
बताते चलें कि शाहजहांपुर के कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालयों में बेहतर शिक्षा उपलब्ध कराने के लिए डीएम शुभ्रा सक्सेना ने नई पहल शुरू की है। उनकी पहल पर जिले के 10 उद्यमियों ने 16 कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालयों को गोद लिया है। स्कूलों में भौतिक संसाधनों के साथ ही पठन-पाठन सामग्री की कमी को उद्यमी पूरा करेंगे।
छात्राएं नहीं बता पाईं प्रधानमंत्री का नाम
डीएम शुभ्रा सक्सेना ने जिले के पुवायां, सिंधौली और जलालाबाद के कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय का औचक निरीक्षण किया तो विद्यालयों की हकीकत सामने आ गई। छत्राओं से देश के प्रधानमंत्री का नाम पूछा गया तो वह नहीं बता पाईं। विद्यालय में पढ़ाई का माहौल नहीं था। अव्यवस्थाएं मिलने पर डीएम ने सभी स्कूलों की वार्डन की मीटिंग की। इसके बाद स्कूलों में किस तरह से पढ़ाई का माहौल तैयार किया जाए और विद्यालयों की कमियों के बारे में जानकारी ली।
निरीक्षण के दौरान मिली काफी अव्यवस्थाएं
शाहजहांपुर की डीएम शुभ्रा सक्सेना ने जब जिले के कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालयों का निरीक्षण किया तो वहां अव्यवस्थाएं देखने को मिली। इन विद्यालयों का शैक्षिक स्तर बहुत खराब था। वहीं, शासन स्तर से जो बजट मिलता है उसमें इन विद्यालयों का रख-रखाव भी ठीक से नहीं हो पा रहा है।
आगे पढ़िए किन-किन विद्यालयों को किस औद्योगिक संस्थानों ने लिया गोद…