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श्रमिक मचाते रहे उधम, पुलिस बनी मूकदर्शक

9 वर्ष पहले
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नोएडा . एनईए अध्यक्ष विपिन मल्हन ने बताया कि हजारों की संख्या में श्रमिक औद्योगिक क्षेत्र की कंपनियों पर उधम मचा रहे थे लेकिन पुलिस श्रमिकों पर कार्रवाई करने के बजाय मूकदर्शक बन नजारा देख रही थी।

कमिश्नर व एडीजी की बैठक औद्योगिक क्षेत्र में ट्रेड यूनियनों की हड़ताल और श्रमिकों द्वारा कंपनियों व पुलिस पर हुए हमले को लेकर कमिश्नर, एडीजी, आईजी, डीआईजी, डीएम और एसएसपी ने बंद कमरे में बैठक की। इस बैठक में अधिकारियों ने आगे की रणनीति और नाराज उद्योगपतियों को लेकर चर्चा की।

इसके बाद डीएम और एसएसपी ने सयुंक्त बयान में बताया कि पांच मजिस्ट्रेटों की एक टीम गठित कर दी गई है। यह टीम घटना की जांच कर रिपोर्ट देगी। इसके बाद कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

श्रमिकों का गुस्सा सबसे ज्यादा मदर्सन कंपनी में दिखा : फेज दो इलाके में श्रमिकों के गुस्से की शिकार सैकड़ों कंपनियां हुईं, लेकिन सबसे ज्यादा नाराजगी मदर्सन कंपनी पर देखने को मिली। श्रमिकों ने मदर्सन कंपनी की पांच कारों को आग के हवाले कर दिया। साथ ही तोडफ़ोड़ और लूटपाट करने के बाद यहां आग भी लगा दी।

प्रशासन की लापरवाही का नमूना : एफएनआई
बुधवार को भारत बंद के दौरान जनपद में हुई हिंसा के कारण उद्योगों का काफी नुकसान हुआ है। फेडरेशन ऑफ नोएडा इंडस्ट्रीज (एफएनआई) ने इसे प्रशासन द्वारा की बरती गई लापरवाही का नमूना बताया है। फेडरेशन ने प्रशासन से ऐसे असामाजिक उपद्रवियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने के निर्देश देने की मांग की है। एफएनआई के अध्यक्ष रमेश चंद्र शर्मा ने इस बारे में मुख्यमंत्री को पत्र भी लिखा है।

2000 लोगों ने फैक्टरी में की तोडफ़ोड़
नोएडा सेक्टर 63 स्थित जेएस डिजाइनर के मालिक विकास गुप्ता ने बताया कि उनकी फैक्टरी में रोजाना की तरह सभी कर्मी काम कर रहे थे। सुबह करीब 10.45 बजे उन्हें एक शीशे के टूटने की आवाज आई। अपने केबिन से बाहर निकलकर देखा तो फैक्टरी के बाहर से पत्थरबाजी हो रही थी। वे कुछ समझ पाते इससे पहले करीब 200-250 लोगों की भीड़ फैक्टरी में घुस आई और तोडफ़ोड़ करने लगी।

इन लोगों ने फैक्टरी में बने सभी ऑफिसों को तहस नहस कर दिया। जब इतने से भी मन नहीं भरा तो फैक्टरी की मशीनों को भी तोडफ़ोड़ दिया। उनके अनुसार इससे करीब 70 से 80 लाख रुपए का नुकसान हुआ है। विकास ने बताया कि फैक्टरी से बाहर निकलते समय इन लोगों ने उनकी नई ऑडी कार को भी बुरी तरह से तोड़ दिया।