पंचकूला। सीएम एमएल खट्टर ने सोमवार को सभी जिलों के डीसी और एसपी की मीटिंग बुलाकर लोगों को सही तरीके से अटेंड करने का पाठ पढ़ाया था, लेकिन शायद यह पाठ पंचकूला के अफसरों को समझ नहीं आया। मंगलवार को मिनी सेक्रेटेरिएट में 16 अफसर समय पर ऑफिस नहीं पहुंचे। असल में पंचकूला के विधायक ज्ञानचंद गुप्ता ने मंगलवार सुबह 9.05 बजे डीसी आॅफिस में विजिट किया। इस दौरान 16 अफसर अपनी सीट पर नहीं मिले। इस पर अब एक रिपोर्ट तैयार कर सीएम को भेजी जाएगी।
विधायक ज्ञानचंद गुप्ता की गाड़ी सुबह 9.05 बजे मिनी सेक्रेटेरिएट की पार्किंग में आकर रुकी। उन्होंने आते ही पूछा कि एसडीएम कहां हैं। इसके साथ ही वे ई-दिशा में चले गए। जब गुप्ता वहां पहुंचे तो उन्हें देखकर एसडीएम हेमा शर्मा भी आ गईं। साथ ही मंजू अग्रवाल भी पहुंच गईं।
यहां गुप्ता को पता चला कि 16 अफसर और कर्मचारी अभी ऑफिस आए ही नहीं। जब अटेंडेंस रजिस्टर मंगवाया गया तो पता चला कि पिछले चार दिनों की अटेंडेंस लगाई ही नहीं गई। इसके बाद गुप्ता ने सभी गैरहाजिर अफसरों और कर्मचारियों के नाम नोट किए।
विधायक ज्ञानचंद गुप्ता ने कहा कि यह सरप्राइज विजिट था। यह पहला या आखरी मौका नहीं होगा। उन्होंने कहा कि यहां डीसी, एडीसी, डीसीपी सहित 16 कर्मचारी गैरहाजिर मिले। इस बारे में वे रिपोर्ट बनाकर सीएम को भेजेंगे। सेक्टर-7 में रहने वाले अविनाश ने बताया कि वे यहां डीसी को बंदरों के बारे में शिकायत देने आए थे, लेकिन वे ऑफिस में ही नहीं थे। वहीं जो काम विधायक ज्ञानचंद गुप्ता ने मंगलवार को किया है, वह एक अच्छा कदम है, जिसे बार-बार किया जाना चाहिए। इन अधिकारियों पर कार्रवाई होनी चाहिए। सबसे बड़ी बात यह है कि डीसी हो या एडीसी सभी को समय पर ऑफिस आना चाहिए।
सभी अफसरों को दिए हैं निर्देश: डीसी
डीसी विवेक अत्रे ने बताया कि मिनी सेक्रेटेरिएट में जो भी फील्ड ऑफिसर हैं, वे रात को भी लेट घर जाते हैं और वे दिन में भी किसी भी समय फील्ड में काम पर जा सकते हैं। ऑफिस आने से पहले या ऑफिस आने के बाद। फिर भी हमने मीटिंग कर सभी अफसरों को निर्देश जारी कर दिए हैं कि वे सुबह 9.15 बजे तक आॅफिस जरूर आएं।
(फोटो- विधायक ज्ञानचंद गुप्ता ने मिनी सेक्रेटेरिएट में चेक किया अटेंडेंस रजिस्टर।)